कोलकाता, नौ अगस्त (भाषा) पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने आपातकाल के दौरान विरोध प्रदर्शनों में भाग लेने के कारण जेल भेजे गए 325 लोगों को 10 हजार रुपये की मासिक पेंशन देने की रविवार को घोषणा की।
राज्य सचिवालय में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शुभेंदु ने कहा कि इन लोगों ने आपातकाल के दौरान लोकतंत्र की रक्षा के लिए अनेक कष्ट सहे थे।
उन्होंने कहा, ‘‘इन वीर सेनानियों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा था। राज्य की नई सरकार इन वीर सेनानियों के आदर्शों पर ही आधारित है।’’
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने आपातकाल के दौरान विरोध प्रदर्शनों में शामिल होने के कारण जेल भेजे गए 325 लोगों को ‘पश्चिमबंग लोकतंत्र सेनानी सम्मान’ के लिए चिह्नित किया है।
उन्होंने कहा कि नयी सरकार देश के लिए बलिदान देने वाले लोगों के मूल्यों और सिद्धांतों पर बनी है।
केंद्र की मौजूदा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार 1975 में तत्कालीन इंदिरा गांधी सरकार द्वारा लगाए गए आपातकाल की याद में हर साल 25 जून को ‘संविधान हत्या दिवस’मनाती है।
भाजपा शासित कई राज्यों ने भी आपातकाल का विरोध करने वजह से जेल गए लोगों को पुरस्कार और पेंशन देकर सम्मानित किया है। इस वर्ष की शुरुआत में हुए विधानसभा चुनावों में भाजपा पहली बार पश्चिम बंगाल में सत्ता में आई है।
भाषा सुमित धीरज
धीरज