कोलकाता, 18 अगस्त (भाषा) पश्चिम बंगाल में भाजपा सरकार के पहले 100 दिन पूरे होने के बाद पार्टी ने अब अपना रिपोर्ट कार्ड सीधे जनता के समक्ष पेश करने की मुहिम शुरू की है। इसके तहत भाजपा अगले सात से 10 दिनों में राज्य के कम से कम चार करोड़ मतदाताओं तक पहुंचने की योजना बना रही है।
भाजपा कार्यकर्ता और पदाधिकारी मंगलवार से अलग-अलग इलाकों में 41 पन्नों की पुस्तिका ‘पश्चिम बंगाल सरकार का संकल्प एवं 100 दिनों की सफलता’ लेकर लोगों के बीच पहुंच रहे हैं। इसमें पार्टी ने सरकार के पहले 100 दिनों में किए गए ‘‘नीतिगत बदलावों और प्रशासनिक कार्रवाई’’ का ब्योरा दिया है।
इस अभियान का मकसद केवल रिपोर्ट कार्ड बांटना ही नहीं, बल्कि सरकार के कामकाज को लेकर लोगों से प्रतिक्रिया लेना भी है।
भाजपा के एक नेता ने कहा, ‘‘हम विधानसभा चुनाव से पहले इन लोगों के बीच गए थे और उनसे समर्थन मांगा था। हम उनके प्रति जवाबदेह हैं।’’
पार्टी ने सोमवार को यहां न्यू टाउन में आयोजित प्रशिक्षण शिविर में जनसंपर्क अभियान की रूपरेखा को अंतिम रूप दिया। पार्टी नेताओं ने कहा कि 100 दिन पूरे होने पर कोई औपचारिक जश्न नहीं मनाया जाएगा क्योंकि सरकार के एक साल पूरे होने के बाद जनता के आकलन को अधिक महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
पुस्तिका में भाजपा के चुनावी घोषणापत्र में किए गए वादों और शुभेंदु अधिकारी सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की तुलना के साथ-साथ कल्याणकारी योजनाओं, निवेश, प्रशासनिक सुधार तथा महिलाओं की सुरक्षा और आर्थिक सशक्तीकरण से जुड़ी पहलों का विवरण दिया गया है।
भाजपा नेतृत्व ने जिन प्रमुख उपलब्धियों को रेखांकित किया है, उनमें पश्चिम बंगाल में आयुष्मान भारत योजना लागू करना और सीमा पर बाड़ लगाने के लिए सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) को जमीन उपलब्ध कराना शामिल है। पार्टी के अनुसार, दोनों फैसले सरकार की पहली कैबिनेट बैठक में लिए गए थे।
राज्य सरकार ने 11 मई से प्रभावी सरकारी भर्ती के लिए अधिकतम आयु सीमा भी बढ़ाई है और अन्नपूर्णा योजना शुरू की है। सरकार का दावा है कि इसके तहत एक करोड़ से अधिक महिलाओं को 3,000 रुपये की सहायता मिल रही है।
भाजपा के एक पदाधिकारी ने कहा, ‘‘पहले 100 दिन केवल शुरुआत हैं। बड़ी परीक्षा यह होगी कि इन फैसलों को किस तरह लागू किया जाता है और क्या इससे लोगों के दैनिक जीवन में दिखाई देने वाला बदलाव आता है।’’
भाषा
राखी पवनेश
पवनेश