एनआरसी की मांग को लेकर प्रदर्शन के बीच मणिपुर के इंफाल पश्चिम में जनगणना प्रशिक्षण कार्यक्रम स्थगित

एनआरसी की मांग को लेकर प्रदर्शन के बीच मणिपुर के इंफाल पश्चिम में जनगणना प्रशिक्षण कार्यक्रम स्थगित

एनआरसी की मांग को लेकर प्रदर्शन के बीच मणिपुर के इंफाल पश्चिम में जनगणना प्रशिक्षण कार्यक्रम स्थगित
Modified Date: August 20, 2026 / 11:42 am IST
Published Date: August 20, 2026 11:42 am IST

इंफाल, 20 अगस्त (भाषा) मणिपुर सरकार ने राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) की मांग को लेकर जारी प्रदर्शनों के बीच इंफाल पश्चिम जिले में जनगणना 2027 के तहत गणनाकारों और पर्यवेक्षकों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम को स्थगित कर दिया है। एक अधिकारी ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।

जनगणना प्रक्रिया के पहले चरण के तहत प्रशिक्षण कार्यक्रम 20 अगस्त से शुरू होने वाला था।

अधिकारी ने जनगणना संचालन निदेशालय के मुख्य जनगणना अधिकारी को भेजे गए एक पत्र का हवाला देते हुए कहा, ‘‘जिले में मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए 28 अगस्त, 2026 से शुरू होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रम को स्थगित कर दिया गया है।’’

उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम जनगणना 2027 के पहले चरण के गणनाकारों और पर्यवेक्षकों के लिए था।

मणिपुर के ‘काउंसिल ऑफ टीचर्स एसोसिएशन’ (सीओटीए) ने कहा, ‘‘जनगणना के गणनाकारों और पर्यवेक्षकों के रूप में नियुक्त शिक्षक, प्रशिक्षण सत्रों में शामिल होने के दौरान शर्मिंदगी, अपमान और विभिन्न प्रकार की बाधाओं का सामना कर रहे हैं।’’

‘कैंपेन फॉर जस्ट एंड फेयर डेलिमिटेशन’ (जेएफडी) ने राज्य में जनगणना शुरू होने से पहले एनआरसी को अद्यतन करने की मांग को लेकर 48 घंटे की हड़ताल का आह्वान किया था। हड़ताल के दूसरे दिन बुधवार को प्रदर्शनकारियों ने नेताओं के पुतले जलाए और मणिपुर के घाटी वाले जिलों के अलग-अलग हिस्सों में रैलियां निकालीं।

जेएफडी ने अपने आंदोलन के तहत बृहस्पतिवार से सभी सरकारी कार्यालयों के बहिष्कार की भी घोषणा की।

मणिपुर सरकार ने बुधवार को घोषणा की कि ‘‘मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति’’ को देखते हुए राज्य के सभी शिक्षण संस्थान 20 अगस्त से तीन दिनों तक बंद रहेंगे।

भाषा सुरभि सिम्मी

सिम्मी


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