मणिपुर के बिष्णुपुर में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प, निषेधाज्ञा लागू

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मणिपुर के बिष्णुपुर में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प, निषेधाज्ञा लागू

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  • Publish Date - April 14, 2026 / 10:34 PM IST,
    Updated On - April 14, 2026 / 10:34 PM IST

इंफाल, 14 अप्रैल (भाषा) मणिपुर के बिष्णुपुर जिले में मंगलवार को प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प हो गई जिसके बाद अधिकारियों को जिले में निषेधाज्ञा लागू करनी पड़ी। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

अधिकारियों ने बताया कि ट्रोंगलाओबी में हाल ही में हुए बम विस्फोट में दो बच्चों की मौत के विरोध में स्थानीय लोगों के प्रदर्शन के दौरान थिंगुंगेई इलाके में हिंसा भड़क उठी। उन्होंने बताया कि कथित तौर पर हथियार लेकर घूम रहे ‘संदिग्ध व्यक्तियों’ की गतिविधियों के बारे में अपुष्ट खबरें फैलने के बाद तनाव बढ़ गया।

थिंगुंगेई और पास के निंगथोखोंग में झड़पें हुईं, जिसके बाद सुरक्षा बलों ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे।

अधिकारियों ने बताया कि झड़पों के दौरान 10 से अधिक लोग मामूली रूप से घायल हो गए, जबकि प्रदर्शनकारियों ने एक चारपहिया वाहन में आग लगा दी।

पुलिस ने एक बयान में कहा कि अपराह्न करीब 1:30 बजे थिंगुंगेई के पास स्थानीय लोगों ने सुरक्षा दल को रोक दिया, क्योंकि कर्मियों की पहचान और उद्देश्य के बारे में ‘शरारती और अपुष्ट अफवाहें’ फैल रही थीं।

बयान में कहा गया है, ‘भीड़ जमा हो गई और उसने सुरक्षा बलों के वाहनों को रोक दिया। स्थिति तब और बिगड़ गई जब भीड़ के कुछ सदस्यों ने हिंसा का सहारा लिया और सुरक्षाकर्मियों के वाहनों को नुकसान पहुंचाया और उनमें आग लगा दी। सुरक्षाकर्मियों को हिरासत में लेने के भी प्रयास किए गए।’

इसमें कहा गया है कि इलाके में अतिरिक्त बलों को भेजा गया और कानून व्यवस्था बहाल करने के लिए आंसू गैस सहित ‘न्यूनतम आवश्यक बल’ का प्रयोग करते हुए भीड़ को तितर-बितर किया गया।

पुलिस ने बताया कि हिंसा के सिलसिले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है और आगजनी, गैरकानूनी तौर पर इकट्ठे होने तथा सुरक्षा बलों के काम में बाधा डालने में शामिल अन्य लोगों की पहचान करने के प्रयास जारी हैं।

उन्होंने बताया कि इलाके में व्यवस्था बनाए रखने के लिए फ्लैग मार्च निकाला गया।

अधिकारियों ने जनता से अफवाहें या गलत सूचना न फैलाने की अपील की और हिंसा या आगजनी में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी।

इसी बीच, जिला मजिस्ट्रेट ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत शाम पांच बजे से अगले आदेश तक निषेधाज्ञा लागू कर लोगों की आवाजाही को प्रतिबंधित कर दिया।

भाषा

शुभम नरेश

नरेश