नयी दिल्ली, 21 मार्च (भाषा) दिल्ली में शनिवार को अप्रत्याशित रूप से कोहरे की चादर छाई रही और ठंडी हवाओं के कारण तापमान में गिरावट आई।
राष्ट्रीय राजधानी में बारिश और तेज हवाओं के कारण शुक्रवार को भी तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई थी और वायु गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार हुआ।
दिल्ली में शुक्रवार का दिन पिछले छह वर्षों में मार्च महीने का सबसे ठंडा दिन दर्ज किया गया। इसी के साथ वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 93 दर्ज किया गया, जो ‘संतोषजनक’ श्रेणी में आता है। करीब पांच महीने बाद लोगों को स्वच्छ हवा में सांस लेने का मौका मिला। इससे पहले, शहर में इसी तरह की वायु गुणवत्ता नौ अक्टूबर 2025 को दर्ज की गई थी, जब एक्यूआई 99 था।
वायु गुणवत्ता पूर्व चेतावनी प्रणाली के अनुसार, शनिवार से 23 मार्च तक वायु गुणवत्ता के ‘‘मध्यम’’ श्रेणी में रहने की संभावना है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के मानकों के अनुसार, एक्यूआई को शून्य से 50 के बीच ‘‘अच्छा’’, 51 से 100 के बीच ‘‘संतोषजनक’’, 101 से 200 के बीच ‘‘मध्यम’’, 201 से 300 के बीच ‘‘खराब’’, 301 से 400 के बीच ‘‘बहुत खराब’’ और 401 से 500 के बीच ‘‘गंभीर’’ माना जाता है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने बताया कि शनिवार को न्यूनतम तापमान करीब 14 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
शहर में शुक्रवार को सात मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई थी लेकिन शनिवार सुबह बारिश नहीं हुई।
शहर में इस महीने 16.2 मिलीमीटर औसत वर्षा हुई जिससे यह 2023 के बाद सबसे अधिक वर्षा वाला मार्च का महीना बन गया है। 2023 में औसत बारिश 50.4 मिलीमीटर हुई थी।
पूर्वानुमान के अनुसार, सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण सोमवार को दिल्ली में बहुत हल्की बारिश होने और गरज के साथ बिजली चमकने की संभावना है।
सफदरजंग केंद्र में शुक्रवार को अधिकतम तापमान 21.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 9.6 डिग्री कम है। यह आठ मार्च 2020 के बाद मार्च का सबसे ठंडा दिन रहा जब 21.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।
शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जो सामान्य से 0.5 डिग्री कम है।
भाषा सिम्मी अमित
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