चंडीगढ़, पांच जुलाई (भाषा) पंजाब में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (आप) ने रविवार को कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और शिरोमणि अकाली दल (शिअद) पर मुख्यमंत्री भगवंत मान को निशाना बनाने के लिए एकजुट होकर काम करने का आरोप लगाया।
पार्टी ने दावा किया कि विपक्षी दलों के पास राज्य सरकार के कामकाज का कोई जवाब नहीं है।
‘आप’ के पंजाब मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने यहां संवाददाता सम्मेलन में आरोप लगाया कि कांग्रेस, भाजपा और शिअद क्रमशः ‘टीम ए, टीम बी और टीम सी’ बन गए हैं और उनका एकमात्र उद्देश्य मान सरकार पर हमला करना है।
पन्नू ने कांग्रेस को ‘‘दिशाहीन’’ करार देते हुए दावा किया कि पार्टी आंतरिक गुटबाजी और सत्ता संघर्ष में उलझी हुई है।
उन्होंने यह भी दावा किया कि पंजाब में कांग्रेस और भाजपा आपसी तालमेल से काम कर रही हैं।
भाजपा पर कटाक्ष करते हुए पन्नू ने कहा कि पंजाब में भाजपा कांग्रेस का विस्तार बन गई है क्योंकि उसके मौजूदा कई नेता पहले कांग्रेस में रह चुके हैं, जबकि भाजपा के मूल नेतृत्व को किनारे कर दिया गया है।
‘आप’ के पंजाब मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सुखजिंदर सिंह रंधावा की हाल में नयी दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से हुई मुलाकात का उल्लेख करते हुए कहा कि रंधावा की सफाई के बावजूद उस बैठक के राजनीतिक निहितार्थ स्पष्ट हैं।
पन्नू ने राज्य सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए दावा किया कि दशकों में पहली बार नहर का पानी अंतिम छोर के गांवों तक पहुंचा है और 600 यूनिट मुफ्त बिजली योजना के कारण राज्य के करीब 90 प्रतिशत परिवारों का बिजली बिल शून्य आ रहा है।
उन्होंने कहा कि किसानों को दिन के समय निर्बाध बिजली और नहर का पानी भी उपलब्ध कराया जा रहा है।
पन्नू ने यह भी दावा किया कि 34 लाख से अधिक महिलाओं को ‘आप’ सरकार द्वारा वादा की गई वित्तीय सहायता मिलनी शुरू हो गई है।
उन्होंने कहा कि शेष पात्र लाभार्थियों को एक अगस्त से इसका लाभ मिलना शुरू हो जाएगा।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस हर फैसले के लिए पूरी तरह अपने आलाकमान पर निर्भर है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पहले ‘आप’ की यह कहकर आलोचना करती थी कि पार्टी का संचालन नई दिल्ली से होता है।
‘आप’ नेता ने कहा कि सत्तारूढ़ दल पर निशाना साधने से पहले विपक्ष को अपने कामकाज का भी जवाब देना चाहिए।
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस, भाजपा और शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के पास पंजाब के विकास के लिए कोई दृष्टि या कार्ययोजना नहीं है और वे ‘आप’ सरकार के कामकाज को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।
पन्नू ने दावा किया कि पंजाब की पिछली सरकारें मुफ्त बिजली, किसानों को नहर का पानी, महिलाओं को वित्तीय सहायता और 10 लाख रुपये तक की कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा जैसी योजनाएं उपलब्ध कराने में विफल रहीं।
उन्होंने यह भी दावा किया कि 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले राज्य में कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक सौदेबाजी शुरू हो चुकी है तथा कांग्रेस के कई नेता भाजपा में शामिल होने वाले हैं।
पन्नू ने विश्वास जताया कि पंजाब की जनता ‘‘अवसरवादी राजनीति’’ को खारिज कर देगी।
भाषा
राखी नरेश
नरेश