बच्ची से दुष्कर्म-हत्या के बाद मारे गए व्यक्ति के परिजन को नौकरी, 25 लाख रुपये की सहायता
बच्ची से दुष्कर्म-हत्या के बाद मारे गए व्यक्ति के परिजन को नौकरी, 25 लाख रुपये की सहायता
कोलकाता, 11 जुलाई (भाषा) पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने शनिवार को दक्षिण 24 परगना जिले में 11 वर्षीय लड़की का शव मिलने के बाद एक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या किए जाने के मामले में उसके परिजनों को नौकरी का नियुक्ति पत्र और 25 लाख रुपये का चेक सौंपा।
बच्ची से दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या कर दी गई थी और शव को बोरे में भरकर एक तालाब में फेंक दिया गया था।
मुख्यमंत्री ने पहले बच्ची के माता-पिता से उनके घर पर मुलाकात की और बाद में पीट-पीटकर मारे गए इंद्रजीत मंडल के परिजनों से बातचीत की।
उन्होंने कहा, ‘‘इंद्रजीत मंडल की हत्या को ‘लिंचिंग’ (पीट-पीटकर हत्या) नहीं कहूंगा, भीड़ ने पहचान की पुष्टि के बाद हत्या की।’’
शुभेंदु ने कहा कि चुनाव में नकार दिए गए लोग इस पीट-पीटकर हत्या किए जाने की घटना के पीछे हो सकते हैं । इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इसमें कट्टर सांप्रदायिक ताकतों की भूमिका भी हो सकती है।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री ने मंडल के बड़े भाई को नागरिक स्वयंसेवक के पद का नियुक्ति पत्र और उसके माता-पिता को 25 लाख रुपये का चेक सौंपा।
शुभेंदु अधिकारी ने इससे पहले कहा था कि मंडल निर्दोष था और उसकी पीट-पीटकर हत्या में शामिल लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया जाएगा। इस मामले में अब तक पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
इंद्रजीत मंडल के बड़े भाई बापी मंडल ने कहा, ‘‘मुख्यमंत्री ने हमें हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है। उन्होंने मुझे नियुक्ति पत्र दिया और नौकरी करने को कहा। यह बारुईपुर पुलिस जिले में नागरिक स्वयंसेवक के पद पर नियुक्ति का पत्र है।’’
इससे पहले मृतक बच्ची के घर पहुंचे शुभेंदु अधिकारी ने उसके पिता को हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री ने बाद में बारुईपुर पुलिस जिले के अधिकार क्षेत्र में आने वाले सुर्ज्यपुर में एक नयी पुलिस चौकी का उद्घाटन किया।
चार जुलाई को लापता हुई नाबालिग बच्ची का शव अगले दिन सुर्ज्यपुर हाट इलाके में एक बोरे में भरा हुआ मिला था। इसके बाद स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शनकारियों ने बारुईपुर-जयनगर मार्ग को अवरुद्ध कर दिया, टायर जलाए और पुलिस के कुछ वाहनों में तोड़फोड़ की।
रविवार को बच्ची का शव बरामद होने के कुछ घंटे बाद गुस्साए स्थानीय लोगों ने उसकी मौत में शामिल होने के संदेह में एक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी।
बच्ची से दुष्कर्म और उसकी हत्या के मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया था। इन चार आरोपियों में से प्रभास मंडल मंगलवार देर रात पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। पुलिस के अनुसार, अपराध स्थल पर घटना की कड़ियां जोड़ने के लिए उसे मौके पर ले जाया गया था, जहां उसने कथित तौर पर एक पुलिस अधिकारी की बंदूक छीनने की कोशिश की थी।
लड़की का शव मिलने के बाद हुई तोड़फोड़ में शामिल होने के आरोप में पुलिस अब तक 35 से अधिक लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।
भाषा गोला रंजन
रंजन

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