तिरुवनंतपुरम, 11 जून (भाषा) केरल के सांस्कृतिक मामलों के मंत्री पी. सी. विष्णुनाथ ने बृहस्पतिवार को कहा कि प्रियदर्शिनी योजना राज्य में महिलाओं के सशक्तिकरण को बढ़ावा देगी।
यह योजना केएसआरटीसी की साधारण बसों में महिलाओं को मुफ्त यात्रा की सुविधा प्रदान करती है। विष्णुनाथ ने उम्मीद जताई कि इस योजना से यात्रा खर्च कम करके महिलाओं का आर्थिक स्वावलंबन मजबूत होने की उम्मीद है।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए विष्णुनाथ ने कहा कि इस योजना के सामाजिक प्रभाव का आकलन करने के लिए एक अध्ययन किया जाएगा और इसके निष्कर्ष इसके लागू होने के एक महीने बाद सार्वजनिक किए जाएंगे।
केरल राज्य सड़क परिवहन निगम (केएसआरटीसी) की बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) के प्रमुख चुनावी वादों में से एक थी।
इस परियोजना के पहले चरण में 15 जून से केएसआरटीसी की साधारण बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा शुरू की जाएगी।
विष्णुनाथ ने कहा, “हम इस परियोजना के लागू होने के एक महीने बाद इसके सामाजिक प्रभाव का आकलन करेंगे। यह अध्ययन महिलाओं की बढ़ी हुई गतिशीलता जैसे कारकों की जांच करेगा। इसे हल्के में नहीं लिया जाना चाहिए।”
मंत्री ने कहा कि यात्रा खर्च में होने वाली बचत आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं और उनके परिवारों के लिए महत्वपूर्ण अंतर पैदा करेगी।
उन्होंने कहा, “यह एक क्रांतिकारी पहल है जिसका दूरगामी सामाजिक प्रभाव होगा और यह राज्य में महिलाओं के सशक्तिकरण में योगदान देगी।”
जब उनसे पूछा गया कि क्या सरकार उन क्षेत्रों में नई बस सेवाएं शुरू करेगी जहां केएसआरटीसी का संचालन सीमित है, तो विष्णुनाथ ने कहा कि कुछ विधानसभा क्षेत्रों में तो एक भी केएसआरटीसी साधारण बस सेवा संचालित नहीं हो रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री ओमन चांडी के नेतृत्व वाली 2011-16 की यूडीएफ सरकार के दौरान चलने वाली कई केएसआरटीसी सेवाएं वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) सरकार के कार्यकाल में बंद कर दी गईं।
उन्होंने कहा, “हम उन क्षेत्रों की पहचान कर रहे हैं जहां केएसआरटीसी का संचालन बहुत कम है। ऐसे स्थानों पर नई सेवाएं शुरू की जाएंगी ताकि वहां के लोग भी इस योजना का लाभ उठा सकें।”
भाषा तान्या मनीषा
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