गौरव डालमिया, उनकी पत्नी को आरोपी क्यों नहीं बनाया गया: ‘ठग’ संजय प्रकाश राय ने ईडी से पूछा

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गौरव डालमिया, उनकी पत्नी को आरोपी क्यों नहीं बनाया गया: ‘ठग’ संजय प्रकाश राय ने ईडी से पूछा

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  • Publish Date - October 6, 2023 / 11:35 PM IST,
    Updated On - October 6, 2023 / 11:35 PM IST

नयी दिल्ली, छह अक्टूबर (भाषा) कथित ठग संजय प्रकाश राय उर्फ संजय शेरपुरिया ने शुक्रवार को दिल्ली की एक अदालत में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से पूछा कि उसने व्यवसायी गौरव डालमिया और उनकी पत्नी शर्मिला को उनके (राय के) खिलाफ दर्ज धनशोधन मामले में आरोपी क्यों नहीं बनाया।

एजेंसी ने आरोप लगाया है कि खुद को प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ), वरिष्ठ नौकरशाहों और राजनीतिज्ञों का करीबी बताकर कई लोगों को धोखा देने वाले राय ने ईडी की जांच में गिरफ्तारी का डर दिखाकर गौरव डालमिया और उनके परिवार से 12 करोड़ रुपये की ठगी की।

ईडी ने कहा कि कुल राशि में से छह करोड़ रुपये की राशि ‘यूथ रूरल एंटरप्रेन्योर फाउंडेशन’ (वाईआरईएफ) के बैंक खाते में जनवरी, 2023 में ‘डालमिया फैमिली ऑफिस ट्रस्ट’ से प्राप्त हुई, जिसमें गौरव डालमिया एक न्यासी हैं। राय पर वास्तविक लेन-देन को छिपाने के लिए भुगतान के संबंध में जाली दस्तावेज रखने का आरोप है।

आरोपी की ओर से वकील नीतेश राणा ने राय की जमानत अर्जी पर सुनवाई के दौरान अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सचिन गुप्ता की अदालत में ईडी से पूछा कि जांच एजेंसी ने डालमिया को इस मामले में आरोपी क्यों नहीं बनाया, जबकि एजेंसी अपराध से अर्जित आय की जांच कर रही है और उन्होंने (गौरव और उनकी पत्नी ने) इतनी बड़ी रकम का भुगतान किया था।

राणा ने कहा, ‘‘गौरव डालमिया और शर्मिला डालमिया को भी आरोपी बनाया जाना चाहिए, क्योंकि उनपर उस राशि के भुगतान का आरोप है, जो अपराध से अर्जित आय है और मामले का आधार है।’’

राणा ने अदालत से अभियोजन एजेंसी को गौरव डालमिया के खिलाफ लंबित मामले का रिकॉर्ड पेश करने का निर्देश देने का आग्रह किया।

वकील ने अदालत से कहा कि अगर जमानत दी गई तो राय उन पर लगाई गई किसी भी शर्त का पालन करेंगे।

ईडी ने दो अगस्त को राय के खिलाफ धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत आरोप पत्र दायर किया था।

धनशोधन का यह मामला लखनऊ पुलिस की एक प्राथमिकी से उपजा है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि राय ने नेताओं और नौकरशाहों का खुद को करीबी बताकर और एक सामाजिक कार्यकर्ता तथा पीएमओ से जुड़े होने का दावा कर लोगों से ठगी की।

ईडी ने दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, नोएडा, गाजीपुर, पुणे, गांधीधाम में 42 स्थानों पर छापे मारने के बाद कुछ महीने पहले राय को गिरफ्तार किया था।

भाषा

देवेंद्र सुरेश

सुरेश

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