चंडीगढ़, 20 फरवरी (भाषा) हरियाणा विधानसभा ने शुक्रवार को विपक्षी कांग्रेस की ओर से जताई गई कुछ चिंताओं के बीच हरियाणा आवास बोर्ड का विलय हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) में करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि राज्य सरकार प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने, नागरिकों को बेहतर आवास सुविधाएं प्रदान करने और शहरी नियोजन एकीकरण को मजबूत करने के लिए हरियाणा आवास बोर्ड का एचएसवीपी में विलय कर रही है।
सैनी सदन में सरकारी प्रस्ताव पेश करते समय यह टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि हरियाणा हाउसिंग बोर्ड और एचएसवीपी के कार्य काफी हद तक एक जैसे हैं।
इस दौरान नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस विधायक भूपेंद्र सिंह हुड्डा, अन्य वरिष्ठ कांग्रेस सदस्य रघुवीर सिंह कादियान और गीता भुक्कल ने आवास बोर्ड के एचएसवीपी में विलय को लेकर कुछ चिंताएं व्यक्त कीं।
कादियान और हुडा ने कहा कि आवास बोर्ड अद्वितीय सेवाएं प्रदान करता है जिन्हें वर्तमान स्वरूप में बनाए रखा जाना चाहिए।
कादियान ने कहा कि इसमें यह उल्लेख नहीं है कि आवास बोर्ड के कर्मचारियों को कहां समायोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रस्ताव में स्पष्टता का अभाव है।
भुक्कल ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी आवास बोर्ड लोगों को घर उपलब्ध कराता है।
मुख्यमंत्री सैनी ने हालांकि स्पष्ट किया कि बोर्ड का विघटन नहीं बल्कि एचएसवीपी में विलय किया गया है।
मुख्यमंत्री ने यह भी आश्वासन दिया कि हरियाणा आवास बोर्ड के सभी कर्मचारियों के हितों की पूरी तरह से रक्षा की गई है।
भाषा धीरज पवनेश
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