ईरान ‘अहंकार’ के सामने आत्मसमर्पण नहीं करेगा : राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान

Ads

ईरान ‘अहंकार’ के सामने आत्मसमर्पण नहीं करेगा : राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान

  •  
  • Publish Date - September 12, 2026 / 12:08 AM IST,
    Updated On - September 12, 2026 / 12:08 AM IST

नयी दिल्ली, 11 सितंबर (भाषा) ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच शुक्रवार को अमेरिका और इजराइल को सीधा संदेश देते हुए कहा कि ईरान ‘‘दादागीरी’’ और ‘‘अहंकार’’ के आगे आत्मसमर्पण नहीं करेगा तथा अपने राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए मजबूती से खड़ा रहेगा।

धार्मिक नेताओं, बुद्धिजीवियों, शिक्षाविदों और कारोबारी हस्तियों की एक सभा को संबोधित करते हुए पेजेश्कियान ने खाड़ी क्षेत्र के लिए तेहरान का पक्ष रखते हुए शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के प्रति प्रतिबद्धता जताई और ईरानी समाज में ‘‘मतभेद के बीज बोने’’ की कोशिश करने वाली विदेशी ताकतों को हराने का संकल्प लिया।

ईरानी राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘हम अत्याचार के आगे आत्मसमर्पण नहीं करेंगे। ईरान इजराइल और अमेरिका के खिलाफ मजबूती से खड़ा है क्योंकि हम डराने-धमकाने के आगे नहीं झुकेंगे और अगर वे हम पर दबाव डालेंगे तो हम भी उनका जवाब देंगे।’’

उन्होंने अमेरिका और इजराइल की सेनाओं को ‘‘असली आतंकवादी’’ करार दिया और दक्षिणी ईरान में एक प्राथमिक स्कूल के पास हुए अमेरिकी हमले का जिक्र किया, जिसमें 168 बच्चों की मौत हो गई थी।

पेजेश्कियान ने कहा, ‘‘उन्हें अस्पतालों, बुनियादी ढांचे और लोगों की आजीविका को निशाना बनाने के बजाय हमारे सैनिकों का सामना करना चाहिए। वे सोचते हैं कि आपूर्ति की कमी के कारण लोग आत्मसमर्पण कर देंगे, लेकिन ईरान के लोग आत्मसमर्पण नहीं करेंगे।’’

ईरानी राष्ट्रपति ने कहा कि अमेरिका और इजराइल ‘‘ऐसी गलतियां कर रहे हैं जैसे कोई बिना लगाम के जंगली घोड़े की सवारी कर रहा हो।’’

पेजेश्कियान ने कहा, ‘‘यह उन्हें विनाश और नरक की आग की ओर ले जाएगा। ईश्वर ने ईरानियों, चीनियों, भारतीयों और अन्य लोगों को बनाया है और हमें एक-दूसरे के साथ रहना होगा। हम अत्याचार के आगे आत्मसमर्पण नहीं करेंगे और पीड़ितों का समर्थन करते रहेंगे।’’

इस कार्यक्रम में ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची, कश्मीरी अलगाववादी नेता मीरवाइज उमर फारूक, पतंजलि आयुर्वेद के सह-संस्थापक एवं प्रबंध निदेशक आचार्य बालकृष्ण समेत अन्य लोग शामिल हुए।

पेजेश्कियान शुक्रवार सुबह तीन दिवसीय यात्रा पर नयी दिल्ली पहुंचे। उनकी यात्रा का मुख्य उद्देश्य ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में शामिल होना है।

भाषा शफीक देवेंद्र

देवेंद्र