Jammu & Kashmir Encounter News || Image - Education News file
श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर में आज दो अलग-अलग मुठभेड़ों में तीन आतंकवादी मारे गए है। सुरक्षा बलों ने उधमपुर के बसंतगढ़ इलाके में एक गुफा में बने आतंकवादी ठिकाने को ध्वस्त कर सटीक हमले में दो आतंकवादियों को मार गिराया। (Jammu & Kashmir Encounter News) इस मुठभेड़ में पाकिस्तान से आया जैश का शीर्ष कमांडर मावी भी शामिल था।
#WhiteKnightCorps | #OpKiya | Update
Operation KIYA
Based on specific intelligence input provided by @jmukmrpolice, troops of CIF Delta, #WhiteKnightCorps planned and executed a focused joint counter-terror operation in the general area of Jophar Forest, Basantgarh (J&K) in…
— White Knight Corps (@Whiteknight_IA) February 4, 2026
जम्मू और कश्मीर पुलिस से जैश आतंकवादियों की उस क्षेत्र में मौजूदगी के बारे में मिली खुफिया जानकारी के बाद 3 फरवरी को ‘किया’ नामक ऑपरेशन शुरू किया गया था।
जम्मू और कश्मीर पुलिस, सीआईएफ डेल्टा (काउंटर इंसर्जेंसी फोर्स डेल्टा), व्हाइट नाइट कोर (16 कोर) के तहत भारतीय सेना की एक स्पेशल यूनिट और सीआरपीएफ की एक संयुक्त टीम ने बसंतगढ़ के जोफर वन क्षेत्र में एक संयुक्त आतंकवाद विरोधी अभियान चलाया था। आतंकवादियों की मौजूदगी का पता लगाने के लिए कैमरों से लैस खोजी कुत्तों को तैनात किया गया था। इस दैरान रात भर रुक-रुक कर गोलीबारी जारी रही। सुरक्षा बलों ने गुफा में स्थित ठिकाने के एंट्री पर रॉकेट-चालित ग्रेनेड (आरपीजी) दागे जिससे दोनों कमांडरों को मार गिराया। आतंकवादियों से एम4 राइफलें, एके-47 और भारी मात्रा में गोला-बारूद बरामद किया गया।
व्हाइट नाइट कॉर्प्स ने X (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट में लिखा, “कल आतंकवादियों से संपर्क स्थापित किया गया था और तब से उन्हें संपर्क तोड़ने से रोका गया है। सुनियोजित और समन्वित कार्रवाई के बाद, दो आतंकवादियों को सफलतापूर्वक मार गिराया गया है। (Jammu & Kashmir Encounter News) इस अभियान ने विभिन्न एजेंसियों के बीच निर्बाध समन्वय, सामरिक सटीकता और उच्च स्तरीय व्यावसायिकता को उजागर किया।” सेना ने कहा, “अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इलाका निगरानी में है। हम सेवा करते हैं, हम रक्षा करते हैं!”
कई महीनों से इस इलाके में सक्रिय आतंकवादी ठिकाना बनाकर रसद जुटाने की योजना बना रहे थे। आतंकियों के ढेर होने से से स्थानीय लोगों ने भी राहत की सांस ली है। बता दें कि, 15 दिसंबर को इसी इलाके में एक विशेष पुलिस अधिकारी की हत्या कर दी गई थी।
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