नयी दिल्ली, 24 जून (भाषा) राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने पिछले महीने मणिपुर में चर्च के तीन नेताओं की हत्या की जांच के लिए मामला दर्ज किया है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
जातीय हिंसा प्रभावित राज्य के कांगपोकपी जिले में 13 मई को संदिग्ध उग्रवादियों ने चर्च के तीन नेताओं की गोली मारकर हत्या कर दी थी और चार अन्य को घायल कर दिया था।
मृतक ‘थाडौ बैपटिस्ट एसोसिएशन’ (टीबीए) के सदस्य थे और एक धार्मिक सभा में शामिल होने के बाद चुराचांदपुर से लौट रहे थे।
एनआईए की आठ जून की प्राथमिकी के अनुसार, हथियारबंद बदमाशों ने चुराचांदपुर से कांगपोकपी की ओर जा रहे दो वाहनों पर जीरो पॉइंट (कोटजिम और कोटलेर्न क्षेत्र के बीच) पर घात लगाकर हमला किया।
इसमें कहा गया है कि इस घटना में कुकी समुदाय के तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई और वाहनों में सवार चार अन्य लोग गोली लगने से घायल हो गए।
मणिपुर पुलिस ने घटना वाले दिन ही इस संबंध में मामला दर्ज किया था।
केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देश के बाद एनआईए ने हाल ही में इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आतंकवाद-रोधी एजेंसी को दिए अपने निर्देश में कहा कि ‘यह मामला हथियारबंद बदमाशों द्वारा नागरिकों की जान-माल को नुकसान पहुंचाने और समाज में भय और आतंक फैलाने के मकसद से किए गए हमले से जुड़ा है। अपराध की गंभीरता, राष्ट्रीय स्तर पर पड़ने वाले इसके प्रभावों और बड़ी साजिश का पता लगाने की जरूरत को देखते हुए इसकी जांच राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) से कराई जानी आवश्यक है।’
मई 2023 से मणिपुर में मेइती और कुकी समुदायों के बीच हुई हिंसा में कम से कम 260 लोगों की मौत हुई है और हजारों लोग विस्थापित हुए हैं।
भाषा
शुभम नरेश
नरेश