नयी दिल्ली, नौ अगस्त (भाषा) रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रविवार को कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने देश के सशस्त्र बलों की अद्वितीय वीरता का प्रदर्शन किया और दुनिया को यह संदेश दिया कि भारत अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए किसी भी हद तक जा सकता है।
वह यहां दिल्ली छावनी के बेस अस्पताल में एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
सिंह ने पाकिस्तान में मौजूद आतंकवादियों और उनके आकाओं को खत्म करने तथा भारत पर बुरी नजर डालने की हिम्मत करने वालों को कड़ा सबक सिखाने के लिए सशस्त्र बलों की तारीफ़ की।
पहलगाम के आतंकी हमले के जवाब में भारतीय सशस्त्र बलों ने मई 2025 में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चलाया था।
सिंह ने यहां बेस अस्पताल में ‘सिंदूर महारक्तदान यात्रा’ में कहा, ‘‘ ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने हमारे रक्षा बलों की अद्वितीय वीरता को दिखाया। इसने दुनिया को यह संदेश दिया कि भारत अपनी महिलाओं के सिंदूर की रक्षा करते हुए अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए किसी भी हद तक जा सकता है।’’
इस विशाल रक्तदान शिविर की तुलना करते हुए सिंह ने कहा कि यह करुणा का प्रतीक है, जबकि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने साहस का प्रदर्शन किया।
रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि इस शिविर में महाराष्ट्र के लगभग 1,000 पहलवानों और एथलीटों ने हिस्सा लिया तथा सशस्त्र बलों के प्रति निस्वार्थ सेवा और एकजुटता की भावना दिखाई।
रक्तदान करने वालों का आभार जताते हुए केंद्रीय मंत्री ने भरोसा जताया कि आज दान किया गया खून भविष्य में ज़रूरतमंद सैनिकों और उनके परिवारों के लिए एक भरोसेमंद रिज़र्व के तौर पर काम आएगा।
उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि हर रक्तदाता और रक्त लेने वाला, अपने-अपने तरीके से देश की सेवा कर रहा है, और लोगों, खासकर युवाओं से आग्रह किया कि वे रक्तदान को एक संस्कृति बनाएं।
बयान के अनुसार, इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रताप राव जाधव, महाराष्ट्र के उद्योग मंत्री उदय रवींद्र सामंत, सांसद श्रीकांत एकनाथ शिंदे, सेना प्रमुख जनरल धीरज सेठ, सशस्त्र बल चिकित्सा सेवा की महानिदेशक सर्जन वाइस एडमिरल आरती सरीन और अन्य वरिष्ठ सैन्य एवं नागरिक गणमान्य व्यक्ति शामिल हुए।
भाषा
राजकुमार नरेश
नरेश