पंजाब के राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री ने सुरक्षाबलों के साथ सुरक्षा पर चर्चा की

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पंजाब के राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री ने सुरक्षाबलों के साथ सुरक्षा पर चर्चा की

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  • Publish Date - April 9, 2022 / 09:08 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:06 PM IST

फाजिल्का (पंजाब), नौ अप्रैल (भाषा) पंजाब के राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित ने मुख्यमंत्री भगवंत मान संग शनिवार को सीमा की स्थिति तथा सीमापार से मादक पदार्थों एवं हथियारों की तस्करी के प्रयास को विफल करने के विषय पर चर्चा के लिए सुरक्षा एजेंसियों के साथ बैठक की।

एक सरकारी विज्ञप्ति के अनुसार इस बैठक में इन दोनों नेताओं के साथ सीमावर्ती गांवों के सरपंच और पंच भी शामिल हुए।

राज्यपाल ने कहा, ‘‘ इस बैठक का एजेंडा इन जिलों की सुरक्षा को मजबूत करने की ठोस प्रणाली विकसित करना है, खासकर तब जब पड़ोसी देश ड्रोनों के माध्यम से मादक पदार्थों एवं हथियारों की तस्करी कर पंजाब में अशांति पैदा करने के तौर-तरीके ढूढ रहा है।’’

उन्होंने केंद्र और राज्य की एजेंसियों के बीच ‘पूर्ण समन्वय’ का आह्वान भी किया। सीमापार से आ रहे मादक पदार्थों के स्कूल जाने वाले बच्चों के हाथों में भी पहुंच जाने पर चिंता जताते हुए राज्यपाल ने लोगों से सहयोग की अपील की एवं उनसे ऐसी नापाक गतिविधियों को लेकर चौकन्ना रहने एवं सुरक्षा एजेंसियों को सूचित करने को कहा।

पुरोहित ने कहा कि खासकर सीमावर्ती क्षेत्रों के युवाओं की ऊर्जा को सकारात्मक कार्य की ओर मोड़ने के लिए ‘अग्निपथ’ नामक योजना शीघ्र ही प्रारंभ की जाएगी जहां उन्हें चार से छह साल तक सेना में पर्याप्त प्रशिक्षण एवं रोजगार प्रदान किया जाएगा।

राज्यपाल ने कहा, ‘‘भारत सरकार के सामने पंजाब के हित के मुद्दों को उठाने में मुख्यमंत्री की हर कोशिश में मैं पूरे हृदय से साथ दूंगा।’’

उन्होंने कहा कि वह सुरक्षा स्थिति का जायजा लेने के लिए हर तीन महीने में एक बार सीमावर्ती जिलों का दौरा करेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वह राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं चाहते हैं और इस संदर्भ में वह 12 अप्रैल को केंद्रीय गृहमंत्री से मिलेंगे एवं उनसे ड्रोनों के जरिए होने वाले सीमापार अपराध पर अंकुश लगाने के लिए पंजाब पुलिस को अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी प्रणाली उपलब्ध कराने पर जोर देंगे।

उन्होंने कहा कि उनकी सरकार का युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए विद्यालय, महाविद्यालय एवं कौशल विकास संस्थानों के अलावा सीमावर्ती क्षेत्रों में उद्योगों को लाने पर जोर रहेगा।

भाषा

राजकुमार पवनेश

पवनेश