Jagannath Temple Bank Deposits: कितनी धन-दौलत है भगवान जगन्नाथ के पास?.. सामने आई संपत्ति और बैंक जमा से जुड़ी जानकारी, देशभर में ही 60,821 एकड़ जमीन

पुलिस के अनुसार, पिछले 25 वर्षों में मंदिर में नकदी, आभूषण और मूर्तियों की चोरी से जुड़े कम से कम सात मामले सामने आए हैं। फरवरी 2024 में मंदिर के एक कर्मचारी पर दान की रकम गिनते समय ₹31,940 चोरी करने का आरोप लगा था। इससे एक साल पहले एक कर्मचारी को ₹800 चोरी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।

Jagannath Temple Bank Deposits: कितनी धन-दौलत है भगवान जगन्नाथ के पास?.. सामने आई संपत्ति और बैंक जमा से जुड़ी जानकारी, देशभर में ही 60,821 एकड़ जमीन

Jagannath Temple Bank Deposits Full Information || Image- PTI News File

Modified Date: September 3, 2026 / 01:55 pm IST
Published Date: September 3, 2026 1:54 pm IST
HIGHLIGHTS
  • मंदिर के बैंक खातों में ₹1,911.80 करोड़
  • देशभर में 60,821 एकड़ जमीन
  • रत्न भंडार में सोना और हीरे के आभूषण

पुरी: ओडिशा के पुरी स्थित प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर की संपत्ति और बैंक जमा से जुड़ी जानकारी सामने आई है। श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन के अनुसार, 31 अगस्त 2026 तक मंदिर के विभिन्न बैंक खातों और फिक्स्ड डिपॉजिट में करीब 1,911.80 करोड़ रुपये जमा हैं। (Jagannath Temple Bank Deposits Full Information) इसके अलावा मंदिर के पास देशभर में 60,821 एकड़ जमीन है।

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FD में ₹1,811 करोड़ से ज्यादा

मंदिर प्रशासन के मुताबिक, 31 अगस्त तक तीन योजनाओं के तहत ₹1,811.10 करोड़ फिक्स्ड डिपॉजिट में रखे गए थे। इसमें से करीब ₹1,311.10 करोड़ अलग-अलग सरकारी बैंकों में जमा हैं। वहीं ₹500 करोड़ ओडिशा सरकार की ओर से दिए गए कॉर्पस फंड के रूप में मंदिर के खाते में रखा गया है। इसके अलावा मंदिर के सेविंग, करंट और फ्लेक्सी खातों में ₹100.71 करोड़ जमा थे। इस तरह मंदिर की कुल बैंक जमा राशि करीब ₹1,911.80 करोड़ है।

कहां से होती है मंदिर की कमाई?

SJTA के मुताबिक मंदिर की आय का प्रमुख स्रोत श्रद्धालुओं का दान है। इसके अलावा मंदिर की खदानों से होने वाली आय, फिक्स्ड डिपॉजिट पर मिलने वाला ब्याज, जमीन की बिक्री और खरीद तथा सरकार से मिलने वाले अनुदान से भी आय होती है। (Jagannath Temple Bank Deposits Full Information) मंदिर प्रशासन के अनुसार आय के एक हिस्से को कॉर्पस और फाउंडेशन फंड के रूप में फिक्स्ड डिपॉजिट में रखा जाता है। मंदिर के रोजाना के खर्च मंदिर फंड से पूरे किए जाते हैं और बची राशि को भी जमा किया जाता है।

60,821 एकड़ जमीन का मालिक है मंदिर

जगन्नाथ मंदिर के पास देशभर में कुल 60,821 एकड़ जमीन है। इसमें से 60,426 एकड़ जमीन ओडिशा के 24 जिलों में स्थित है। बाकी 395 एकड़ जमीन छह अन्य राज्यों में है, जिसमें पश्चिम बंगाल भी शामिल है।

डिजिटल दान से भी लाखों रुपये मिले

मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए ‘समर्पण’ डिजिटल डोनेशन प्लेटफॉर्म शुरू किया है। इस प्लेटफॉर्म के जरिए दुनिया के किसी भी हिस्से से श्रद्धालु ऑनलाइन दान कर सकते हैं और उसकी रसीद भी प्राप्त कर सकते हैं। 31 अगस्त तक इस डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए श्रद्धालुओं ने ₹56.71 लाख का दान दिया था। मंदिर की हुंडी में आने वाले चढ़ावे की रोजाना गिनती की जाती है और इसकी जानकारी सूचना बोर्ड तथा सोशल मीडिया पर साझा की जाती है।

रत्न भंडार में सोना-हीरा और कीमती सामान

मंदिर के रत्न भंडार में सोने, हीरे और अन्य कीमती आभूषण व सामान रखे गए हैं। (Jagannath Temple Bank Deposits Full Information) इनकी सूची और सत्यापन का काम लंबे अंतराल के बाद किया जा रहा है। हालिया जानकारी के मुताबिक, रत्न भंडार में रखे कीमती सामान की सूची 1978 के रिकॉर्ड से मेल खाती पाई गई है।

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मंदिर में चोरी की घटनाएं भी सामने आईं

पुलिस के अनुसार, पिछले 25 वर्षों में मंदिर में नकदी, आभूषण और मूर्तियों की चोरी से जुड़े कम से कम सात मामले सामने आए हैं। फरवरी 2024 में मंदिर के एक कर्मचारी पर दान की रकम गिनते समय ₹31,940 चोरी करने का आरोप लगा था। इससे एक साल पहले एक कर्मचारी को ₹800 चोरी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। 12वीं सदी का यह प्रसिद्ध मंदिर श्री जगन्नाथ मंदिर अधिनियम, 1955 के तहत ओडिशा सरकार के कानून विभाग के अधीन संचालित होता है।

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