Rahul Gandhi on 25 Percent Tariff: भारत की अर्थव्यवस्था मर गई...असफल "असेम्बल इन इंडिया" / Image Source: file
नई दिल्लीः लोकसभा में मंगलवार दोपहर से ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा जारी है। राहुल गांधी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय वायुसेना ने कोई गलती नहीं की, लेकिन गलती भारतीय राजनेताओं की थी जो सैनिक ठिकानों पर हमला करने से रोका गया। क्यों पाकिस्तान को बताया गया कि हम हमला नहीं करेंगे, हम एक्सेलेशन नहीं चाहते। मतलब हमने आपको थप्पड़ मारा है दूसरा नहीं मारेंगे। क्योंकि इसका मकसद पीएम को बचाना था। उनके हाथ पहलगाम हमले में मारे गए लोगों के खून से सने थे। इसके बाद डोनाल्ड ट्रम्प ने 29 बार यही कहा कि मैंने सीजफायर करवाया। अगर वो झूठ बोल रहे है कि पीएम अपने भाषण में कह दें कि यह झूठ है। अगर दम है। अगर उनमें दम है तो कहें कि ट्रम्प झूठे हैं। अगर उनमें इंदिरा गांधी की तरह 50 प्रतिशत भी दम है तो कह दें यहां। उन्होंने यह भी नहीं बताया कि पहलगाम के बाद एक भी देश ने पाकिस्तान की निंदा नहीं की है। हर किसी ने आतंक को निशाना बनाया।
राहुल ने कहा- कैप्टन शिवकुमार डिफेंस अटैची इंडोनेशिया ने कहा कि भारत ने कुछ एयरक्राफ्ट्स खोए हैं। यह इसलिए हुआ क्योंकि हमने उनके सैनिक ठिकानों को निशाना नहीं बनाया। न हमें इसके लिए कहा गया। मतलब आपने उनके हाथ बांध दिए। लोकसभा में रक्षामंत्री भी यह कह चुके हैं कि हमने पाकिस्तान को बताया था कि हम उनके सैन्य ठिकानों पर हमला नहीं करेंगे। तो क्या होगा, हमारे एयरक्राफ्ट पर हमला होगा। मतलब आपने शुरू किया और शुरू होते ही कह दिया कि न हमारे पास राजनैतिक इच्छा है न हम हमला करेंगे। आप जवाब नहीं देना चाहते हो लेकिन नतीजा सबको मालूम है। वे कह रहे हैं कि जरूरी सवाल है जेट गिरे क्यों, क्या गलती हुई।
राहुल ने कहा- अब हम सिंदूर पर आते हैं। कल मैंने देखा और सुना कि राजनाथ जी जो बोल रहे थे। वे कह रहे थे कि 1.45 बजे रात में ऑपरेशन सिंदूर शुरू हुआ। 22 मिनट में खत्म हुआ। उन्होंने सबसे हैरानी वाली बात कही हमने 1.35 पर पाकिस्तान को बताया कि हम सेना के ठिकानों को निशाना नहीं बना रहे हैं।भारत के डीजीएमओ ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर की रात पाकिस्तान को बताया था। दो लोगों के बीच लड़ाई हो रही थी, एक आदमी ने दूसरे को सीधे जाकर यह बताया कि आपके पास लड़ने की पॉलिटिकल विल है ही नहीं आप लड़ना ही नहीं चाहते हो। हम एस्केलेशन नहीं चाहते हैं आप जवाब न दीजिए। भारत सरकार ने जाकर उनको बताया कि हम लड़ाई नहीं चाहते हैं। हमने 30 मिनट में सरेंडर कर दिया। राजनाथ जी ने यह बताया कि हमने पाकिस्तान से कहा था कि हमने आपके सैन्य ठिकानों को निशाना नहीं बनाया है।