नयी दिल्ली, एक अप्रैल (भाषा) सरकार ने बुधवार को लोकसभा को बताया कि ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में प्रस्तावित दुर्लभ खनिज कॉरिडोर का उद्देश्य आयात पर निर्भरता को कम करना और रणनीतिक क्षेत्र में घरेलू क्षमता को बढ़ाना है।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।
मंत्री ने कहा कि ये कॉरिडोर खनन, प्रसंस्करण, अनुसंधान और विनिर्माण पर ध्यान केंद्रित करेंगे और इन पहल को आत्मनिर्भर बनने और 2070 तक शुद्ध शून्य उत्सर्जन हासिल करने जैसी राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के साथ समन्वय करने में मदद करेंगे।
मंत्री ने यह भी कहा कि इस संबंध में सभी हितधारकों का प्रतिनिधित्व करने वाले सदस्यों के एक संयुक्त कार्य समूह का गठन किया गया है।
भाषा सुभाष अविनाश
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