नयी दिल्ली, सात सितंबर (भाषा) दिल्ली विश्वविद्यालय के दक्षिण परिसर के पास स्थित सत्य निकेतन में एक इमारत ढहने की घटना में जान गंवाने वालों की संख्या सोमवार को बढ़कर सात हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।
इस बीच, इस घटना के मद्देनजर दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के दक्षिणी जोन के उपायुक्त और चार इंजीनियर को निलंबित कर दिया गया है।
यह इमारत रविवार दोपहर अपराह्न डेढ़ बजे मरम्मत कार्य के दौरान ढह गई। इसमें लड़कों का ‘पेइंग गेस्ट’ (पीजी) आवास था।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि तलाश अभियान के दौरान इमारत के मलबे से एक और व्यक्ति को निकाला गया, जिसे अस्पताल में चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
उन्होंने बताया कि इमारत के मलबे से अब तक 12 लोगों को निकाला जा चुका है।
राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) के महानिरीक्षक (आईजी) नरेंद्र बुंदेला ने सोमवार को कहा कि बल के पास मलबे में फंसे लोगों की निश्चित संख्या के बारे में जानकारी नहीं है।
बुंदेला के मुताबिक, एनडीआरएफ और दिल्ली सरकार की अन्य एजेंसियों द्वारा चलाया जा रहा बचाव अभियान सोमवार देर रात तक जारी रह सकता है।
दिल्ली पुलिस, दिल्ली अग्निशमन सेवा, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) सहित कई एजेंसियां घटना के बाद से बचाव अभियान चला रही हैं।
इससे पहले अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) ने एक बयान में बताया था कि सत्य निकेतन में इमारत ढहने की घटना के बाद 11 लोगों को उसके जय प्रकाश नारायण एपेक्स ट्रॉमा सेंटर लाया गया।
बयान के मुताबिक, ”इन 11 लोगों में से पांच को मृत अवस्था में लाया गया था, जबकि गंभीर हालत में लाए गए एक अन्य व्यक्ति ने बाद में दम तोड़ दिया। तीन लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उनका इलाज किया जा रहा है। एक व्यक्ति के एक अंग की सर्जरी की गई। मामूली रूप से घायल एक अन्य व्यक्ति को निगरानी में रखने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।”
इससे पहले मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सोमवार को दूसरे दिन घटनास्थल पहुंचीं और बचाव कार्यों का जायजा लिया।
इस बीच दिल्ली पुलिस ने इमारत के मालिक हरि राम के खिलाफ ‘लुकआउट नोटिस’ जारी कर दिया है।
पुलिस ने हरि राम और अन्य लोगों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या, इमारत के रखरखाव में लापरवाही बरतने और दूसरों की सुरक्षा को खतरे में डालने के आरोप में मामला दर्ज किया था।
भाषा नोमान सिम्मी
सिम्मी