शिरसाट ने सुनेत्रा पवार के शपथ ग्रहण में ‘जल्दबाजी’ पर अफसोस जताया

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शिरसाट ने सुनेत्रा पवार के शपथ ग्रहण में ‘जल्दबाजी’ पर अफसोस जताया

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  • Publish Date - January 31, 2026 / 03:12 PM IST,
    Updated On - January 31, 2026 / 03:12 PM IST

छत्रपति संभाजीनगर, 31 जनवरी (भाषा) महाराष्ट्र के मंत्री और शिवसेना नेता संजय शिरसाट ने शनिवार को कहा कि 28 जनवरी को विमान दुर्घटना में अजित पवार की मृत्यु के कुछ ही दिनों बाद हो रहा नए उपमुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह ‘ (अभी नहीं) बाद में होना चाहिए था’। मंत्री ने कहा कि इस घटनाक्रम से पता चलता है कि ‘कुर्सी एक इंसान से ज्यादा महत्वपूर्ण है।’

मंत्री ने आरोप लगाया कि ऐसा लगता है कि यह जल्दबाजी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) की आंतरिक राजनीति का परिणाम है।

अजित पवार की विधवा सुनेत्रा पवार राकांपा के विधायक दल की नेता चुनी गयी हैं। वह शाम पांच बजे उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगी। यह कदम बारामती विमान हादसे के तुरंत बाद के राजनीतिक घटनाक्रम के मद्देनजर उठाया जा रहा है।

शिरसाट ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘पिछले दो दिनों की घटनाओं से पता चलता है कि कुर्सी इंसान से अधिक महत्वपूर्ण है। आम लोगों को यह पसंद नहीं है। मुझे व्यक्तिगत रूप से लगता है कि ये घटनाएं और शपथ ग्रहण समारोह थोड़ा बाद में होने चाहिए थे।’’

उन्होंने कहा,“अजित पवार की मृत्यु के बाद जो घटनाएं हम देख रहे हैं, वे एक दिन तो होनी ही थीं। लेकिन सुनेत्रा पवार का इतनी जल्दी मुंबई रवाना होना और उनके (राकांपा) पार्टी नेताओं के बयान हमें हजम नहीं हो रहे हैं। इतनी जल्दबाजी क्यों? शपथ ग्रहण समारोह एक सप्ताह बाद भी हो सकता था।”

शिरसाट ने यह भी कहा कि अजित पवार की मृत्यु के बाद बदले हुए राजनीतिक परिदृश्य के कारण राकांपा और शरद पवार के नेतृत्व वाली राकांपा (शरदचंद्र पवार) के विलय में अब लंबा समय लग सकता है।

उन्होंने कहा, ‘‘कहा जा रहा है कि विलय को लेकर बैठकें हुईं। पहले अजित पवार के फैसले का किसी ने विरोध नहीं किया था। लेकिन अब जब वह नहीं रहे, तो विलय का निर्णय सामूहिक रूप से लिया जाएगा। इस प्रक्रिया में लंबा समय लग सकता है।’’

भाषा राजकुमार संतोष

संतोष