नयी दिल्ली, 18 मार्च (भाषा) सौर उपकरण निर्माताओं को फरवरी के अंत तक 24,000 करोड़ रुपये की उत्पादन आधारित प्रोत्साहन (पीएलआई) योजना के तहत कोई धनराशि नहीं मिली है।
सरकार ने बुधवार को लोकसभा में यह जानकारी दी।
भारत सरकार का नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय 24,000 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ उच्च दक्षता वाले सौर पीवी मॉड्यूल के लिए पीएलआई योजना संचालित कर रहा है।
केंद्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बुधवार को लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि योजना के तहत, 48,337 मेगावाट पूर्ण/आंशिक रूप से एकीकृत सौर पीवी मॉड्यूल विनिर्माण क्षमता स्थापित करने के लिए पत्र जारी किए गए हैं।
मंत्री ने कहा कि 28 फरवरी, 2026 तक, योजना के तहत कोई धनराशि जारी नहीं की गई है, क्योंकि योजना के तहत विनिर्माण परियोजनाओं के चालू होने के एक साल बाद सफल बोली लगाने वालों को पीएलआई जारी करने का प्रावधान है।
भाषा हक हक वैभव
वैभव