उच्चतम न्यायालय ने गैंगस्टर अबू सलेम की हिरासत से रिहाई के अनुरोध वाली याचिका खारिज की

उच्चतम न्यायालय ने गैंगस्टर अबू सलेम की हिरासत से रिहाई के अनुरोध वाली याचिका खारिज की

उच्चतम न्यायालय ने गैंगस्टर अबू सलेम की हिरासत से रिहाई के अनुरोध वाली याचिका खारिज की
Modified Date: September 10, 2026 / 11:26 am IST
Published Date: September 10, 2026 11:26 am IST

नयी दिल्ली, 10 सितंबर (भाषा) उच्चतम न्यायालय ने बृहस्पतिवार को गैंगस्टर अबू सलेम की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें उसने इस आधार पर हिरासत से रिहाई का अनुरोध किया था कि पुर्तगाल से उसके प्रत्यर्पण की शर्तों के तहत भारत में जेल में उसके 25 वर्ष पूरे हो चुके हैं।

न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ ने मुंबई उच्च न्यायालय के अप्रैल में दिए गए आदेश को बरकरार रखा। उच्च न्यायालय ने तत्काल रिहाई के अनुरोध वाली सलेम की याचिका को ‘‘समय से पहले’’ और ‘‘गलत धारणा पर आधारित’’ बताते हुए खारिज कर दिया था।

उच्चतम न्यायालय ने सलेम की उस याचिका पर फैसला सुनाया, जिसमें उसने उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती दी थी। फैसले का विस्तृत आदेश अभी आना बाकी है।

मुंबई के 1993 के सिलसिलेवार बम धमाकों के दोषी सलेम को लंबे समय तक चली कानूनी लड़ाई के बाद 11 नवंबर 2005 को पुर्तगाल से भारत प्रत्यर्पित किया गया था।

भारत और पुर्तगाल के बीच हुए प्रत्यर्पण समझौते की शर्तों के अनुसार, सलेम को मृत्युदंड नहीं दिया जा सकता और उसकी जेल की सजा 25 वर्ष से अधिक नहीं हो सकती।

भाषा गोला मनीषा

मनीषा


लेखक के बारे में