उप्र:घातक दुर्घटनाओं के बाद लखीमपुर-बहराइच खंड पर सड़क सुरक्षा उपायों को मजबूत किया जाएगा
उप्र:घातक दुर्घटनाओं के बाद लखीमपुर-बहराइच खंड पर सड़क सुरक्षा उपायों को मजबूत किया जाएगा
लखीमपुर खीरी (उप्र), 20 मई (भाषा) राष्ट्रीय राजमार्ग के लखीमपुर-बहराइच खंड पर हुई कई घातक दुर्घटनाओं के मद्देनजर, जिला प्रशासन ने राजमार्ग और यातायात अधिकारियों को ‘4-ई’ रणनीति को सख्ती से लागू करने का निर्देश दिया है, जो इंजीनियरिंग, शिक्षा, आपातकालीन स्थिति और प्रवर्तन पर केंद्रित है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब कुछ दिनों पहले ईसानगर थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह एक अन्य वाहन से आगे निकलने की कोशिश में वैन एक तेज रफ्तार ट्रक से टकरा गई थी, जिसमें एक सरकारी शिक्षक और एक इंजीनियर सहित 10 लोगों की मौत हो गई थी।
आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार, 2022 से राष्ट्रीय राजमार्ग-730 खंड पर भीषण दुर्घटनाओं में लगभग 40 लोग मारे गए और 45 से अधिक घायल हुए हैं।
इस महीने की शुरुआत में सात मई को, ऐरा में शारदा पुल पर एक तेज रफ्तार ट्रक की टक्कर के बाद एक ऑटो में यात्रा कर रहे पांच लोगों की मौत हो गई और तीन अन्य घायल हो गए।
जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने दुर्घटनाओं की बढ़ती संख्या पर चिंता व्यक्त की और कहा कि प्रशासन सभी खामियों की समीक्षा कर रहा है और जागरूकता और प्रवर्तन अभियान तेज करेगा।
सिंह ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘सड़क इंजीनियरिंग और आपातकालीन प्रतिक्रिया को सख्ती से नियमित करते हुए, हम सार्वजनिक शिक्षा और सख्त प्रवर्तन पर बहुत अधिक ध्यान केंद्रित करने जा रहे हैं। बार-बार उल्लंघन करने वालों के लाइसेंस रद्द करने सहित दंडात्मक कार्रवाई समयबद्ध तरीके से की जाएगी।’
अधिकारियों ने कहा कि जिलाधिकारी ने ऐसी दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकने के उपायों पर चर्चा करने के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई), लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी), सड़क परिवहन विभाग और पुलिस के अधिकारियों के साथ मंगलवार को एक आपातकालीन बैठक की अध्यक्षता की।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिषेक कुमार, अपर जिलाधिकारी नरेंद्र बहादुर सिंह तथा अपर पुलिस अधीक्षक पवन गौतम उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान, जिलाधिकारी ने पीडब्ल्यूडी और एनएचएआई अधिकारियों को दुर्घटना-संभावित ‘ब्लैक स्पॉट’ की पहचान करने, इंजीनियरिंग खामियों को दूर करने और संवेदनशील स्थानों और राजमार्ग पर तीखे मोड़ों पर चेतावनी संकेत, रिफ्लेक्टर और गति-निगरानी कैमरे लगाने का निर्देश दिया।
सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) एसबी पांडे ने कहा कि यातायात उल्लंघन के लिए चालान और वाहनों को जब्त करने के बावजूद, वांछित परिणाम प्राप्त नहीं हुए हैं।
पांडे ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘‘हमने कई वाहनों का चालान किया है और कई को जब्त भी किया है। हालांकि, यह सुरक्षा उल्लंघनों की जांच में वांछित परिणाम देने में विफल रहा है।’
उन्होंने चालकों के बीच अधिक जागरुकता की आवश्यकता पर जोर दिया और राजमार्ग के किनारे स्थित पुलिस चौकियों और स्थानीय पुलिस थानों से दोषी ड्राइवरों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करने का आग्रह किया।
उन्होंने टैक्सी और ऑटोरिक्शा संचालकों को क्षमता से अधिक सवारियां बैठाने को लेकर चेतावनी दी और कहा कि वाहनों में क्षमता से अधिक सवारी बिठाने या तेज गति से वाहन चलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। भाषा सं जफर वैभव शोभना
शोभना

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