नयी दिल्ली, 12 अगस्त (भाषा) कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने बुधवार को कहा कि सरकार राम मंदिर से चढ़ावे की कथित चोरी से जुड़े सवालों का जवाब देने से यह कहते हुए इनकार कर रही है कि यह राज्य का विषय है, जबकि लोकसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने मंदिर के नाम पर राजनीतिक लाभ उठाने में कोई हिचक नहीं दिखाई थी।
मानसून सत्र के आखिरी चरण में भी संसद में जारी गतिरोध के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि इससे पता चलता है कि सरकार को जनता के प्रति जिम्मेदारी का अहसास नहीं है, क्योंकि संसद ही वह मंच है जहां उसे सवालों के जवाब देने और बयान देने होते हैं।
उन्होंने संसद भवन परिसर में संवाददाताओं से कहा, ‘‘एक बहुत बड़ा प्रदर्शन हुआ था। देश के युवा दिल्ली ही नहीं, बल्कि पूरे देश में सड़कों पर उतरे थे। उन्हें पीटा गया, आंसू गैस के गोले छोड़े गए और उन पर पैलेट गन चलाई गईं। बिहार में प्रदर्शनकारियों पर एके-47 का इस्तेमाल किया गया। सरकार को लगता है कि उसे कोई जवाब नहीं देना है, वह यह बयान तक नहीं देना चाहती कि ऐसा कैसे हुआ। आदेश किसने दिया?’’
राम मंदिर से चढ़ावे की कथित चोरी का जिक्र करते हुए कांग्रेस महासचिव ने कहा कि मंदिर के लिए पूरे देश से चंदा आया था।
उन्होंने कहा, ‘‘लोगों ने अपनी आस्था के लिए चंदा दिया था। गरीब लोगों ने यह सोचकर चंदा दिया कि यह मंदिर के लिए है। लोगों की भगवान राम में आस्था सिर्फ हमारे देश में ही नहीं, बल्कि मलेशिया, इंडोनेशिया और थाईलैंड में भी है। अब आप कह रहे हैं कि यह राज्य का विषय है।’’
प्रियंका गांधी ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘जब आपको चुनाव से पहले अभियान चलाना था और इससे राजनीतिक लाभ लेना था, तब यह राज्य का विषय नहीं था। अब यह राज्य का विषय हो गया है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राम मंदिर का उद्घाटन किया था। वह किसी प्रदेश के नहीं, बल्कि देश के प्रधानमंत्री हैं। मंदिर के उद्घाटन के लिए पूरे देश से लोग आए थे। अब वे कहते हैं कि यह राज्य का विषय है और वे संसद में इसका जवाब नहीं देंगे। चंदा गायब हो गया है। यह क्या तरीका है?’’
भाषा हक हक वैभव
वैभव