Chhindwara Funeral News: मौत के बाद भी सुकून नहीं! 31 घंटे तक घर में रखा रहा महिला का शव, दबंगों ने रोक दी अंतिम संस्कार, पूरा गांव सन्न

Chhindwara Funeral News: मौत के बाद भी सुकून नहीं! 31 घंटे तक घर में रखा रहा महिला का शव, दबंगों ने रोक दी अंतिम संस्कार, पूरा गांव सन्न

  • Reported By: Ajay Dwivedi

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  • Publish Date - January 2, 2026 / 10:29 PM IST,
    Updated On - January 2, 2026 / 10:30 PM IST

Chhindwara Funeral News/Image SOurce: IBC24

HIGHLIGHTS
  • 31 घंटे तक घर में रखा रहा शव
  • दबंगों ने रोकी अंतिम यात्रा
  • दबंगों के आगे गिड़गिड़ाता रहा परिवार

छिंदवाड़ा: Chhindwara Funeral News:  जिले के परासिया रोड स्थित ग्राम सतनूर में एक अत्यंत संवेदनशील एवं चिंताजनक मामला सामने आया है। गांव की एक महिला की मृत्यु के उपरांत कुछ दबंग व्यक्तियों द्वारा उसके शव को मोक्षधाम ले जाने से रोका गया, जिसके कारण महिला के शव को दो दिन तक घर में ही रखना पड़ा, जिससे गांव में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई।

31 घंटे तक घर में रखा रहा शव (Chhindwara funeral dispute)

Chhindwara Funeral News:  स्थिति उस समय और गंभीर हो गई जब बताया गया कि मोक्षधाम तक जाने के लिए कोई वैकल्पिक या वैध रास्ता शेष नहीं है, क्योंकि ग्रामीण मार्ग पर कुछ लोगों ने अवैध रूप से कब्ज़ा कर फसल लगा दी है। इतना ही नहीं, ग्राम का मोक्षधाम, जिसकी भूमि लगभग दो एकड़ थी, वह अब घटकर मात्र आधा एकड़ रह गई है। शेष भूमि पर भी दबंगों द्वारा कब्ज़ा कर लिया गया है। घटना की सूचना मिलने पर हिंदूवादी संगठन विश्व हिंदू परिषद एवं राष्ट्रीय बजरंग दल, पुलिस प्रशासन एवं तहसीलदार के हस्तक्षेप के बाद ही महिला का अंतिम संस्कार संभव हो सका।

दबंगों ने रोकी अंतिम यात्रा, गांव सन्न (Chhindwara Satnur village news)

Chhindwara Funeral News:  यह उल्लेखनीय है कि यह गांव की तीसरी घटना है, जब शवयात्रा को मोक्षधाम ले जाने में बाधा उत्पन्न की गई है। ग्रामीणों एवं सामाजिक संगठनों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। परिजनों के अनुसार, इंदिरा बाई (62), पति झिनो मांडेकर का बुधवार (31 दिसंबर) सुबह करीब 6 बजे निधन हो गया था। मृतका के बेटे रामदास और परिवार ने दोपहर तक अंतिम संस्कार की तैयारी कर ली थी, लेकिन श्मशान मार्ग पर कब्ज़ा किए परिवार ने शव को वहां से ले जाने पर मना कर दिया।

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"छिंदवाड़ा शवयात्रा विवाद" में क्या हुआ?

छिंदवाड़ा जिले के ग्राम सतनूर में एक महिला की मृत्यु के बाद दबंग व्यक्तियों ने उसके शव को मोक्षधाम ले जाने से रोका, जिससे शव दो दिन तक घर में रखा गया।

"छिंदवाड़ा मोक्षधाम कब्जा" मामले में क्या समस्या है?

ग्राम का मोक्षधाम पहले दो एकड़ था, अब केवल आधा एकड़ बचा है और शेष भूमि पर दबंगों ने अवैध कब्ज़ा कर फसल लगा दी है।

"छिंदवाड़ा अंतिम संस्कार विवाद" को कैसे सुलझाया गया?

हिंदूवादी संगठनों, पुलिस प्रशासन और तहसीलदार के हस्तक्षेप के बाद महिला का अंतिम संस्कार संभव हो सका।