ED Action In Bhopal: इस पूर्व IAS ने काली कमाई से खड़ा किया था करोड़ों का साम्राज्य! ED ने जब्त की 22 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति, पत्नी के नाम पर भी दर्ज थी कई प्रॉपर्टी

Ads

ED Action In Bhopal: मध्यप्रदेश के चर्चित अरविंद जोशी और अन्य लोगों के मामले प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है।

  • Reported By: Deepak Dwivedi

    ,
  •  
  • Publish Date - June 30, 2026 / 10:26 PM IST,
    Updated On - June 30, 2026 / 10:29 PM IST

ED Action In Bhopal/Image Credit: AI

HIGHLIGHTS
  • अरविंद जोशी और अन्य लोगों के मामले ED ने बड़ी कार्रवाई की है
  • ED ने PMLA एक्ट के तहत लगभग 22.46 करोड़ रुपए की संपत्ति को जब्त करने का आदेश जारी किया है।
  • ED ने क्रिकेट अकादमी, होटल-रिसॉर्ट अस्थायी रूप से ज़ब्त की है।

ED Action In Bhopal: भोपाल: मध्यप्रदेश के चर्चित अरविंद जोशी और अन्य लोगों के मामले प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। ED ने अरविंद जोशी और अन्य लोगों के मामले में PMLA एक्ट के तहत लगभग 22.46 करोड़ रुपए की संपत्ति को अस्थायी रूप से जब्त करने का आदेश जारी किया है।

क्या है पूरा मामला?

मिली जानकारी के अनुसार, ED ने क्रिकेट अकादमी, होटल-रिसॉर्ट अस्थायी रूप से ज़ब्त की है। ED ने स्पेशल पुलिस एस्टेब्लिशमेंट, लोकायुक्त, भोपाल द्वारा स्वर्गीय अरविंद जोशी और टीनू जोशी के खिलाफ दर्ज एफआईआर के आधार पर जांच शुरू की थी। दरअसल, स्वर्गीय अरविंद जोशी और टीनू जोशी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति रखने का आरोप था। (ED Action In Bhopal) दोनों पर लगभग 41.87 करोड़ रुपए की चल/अचल संपत्ति रखने का आरोप था। दोनों के खिलाफ ऐसे कई आरोप, शिकायतें, जानकारी और सबूत थे, जिनसे पता चलता था कि स्वर्गीय अरविंद जोशी और टीनू जोशी ने अपने आधिकारिक पद का दुरुपयोग किया और भ्रष्टाचार में शामिल रहे।

पहले भी जब्त की जा चुकी है करोड़ों की संपत्ति

ED Action In Bhopal: इतना ही नहीं जांच में यह भी सामने आया था कि, ‘फेथ क्रिकेट क्लब’ का कामकाज स्वर्गीय अरविंद जोशी ही संभालते थे, क्योंकि क्रिकेट अकादमी और उससे जुड़े बुनियादी ढांचे के निर्माण के लिए किया गया निवेश उनके सहयोगी राघवेंद्र सिंह तोमर के माध्यम से उनकी अवैध संपत्ति से किया गया था।

इस पूरे मामले में ED ने पहले भी लगभग 13.60 करोड़ रुपए की संपत्ति जब्त की थी ओट भोपाल की विशेष अदालत में शिकायतें दर्ज की है। वहीं, ED की ओर से अपराध से प्राप्त बाकी धन की पहचान करने और उसे जब्त करने के लिए पीएमएलए के तहत आगे की जांच जारी है।

इन्हें भी पढ़ें:-