Bhagirathpura Water Tragedy/Image Source: symbolic
इंदौर: Indore Water Tragedy: : भागीरथपुरा में दूषित पानी के संकट के बाद अब लोगों का नलों के पानी से भरोसा पूरी तरह खत्म हो गया है। हालात ऐसे हैं कि अब आम नागरिकों के साथ-साथ चाय की दुकानों पर भी बोतलबंद पानी का उपयोग शुरू हो गया है।
Indore Water Tragedy: स्थानीय दुकानदारों के अनुसार पानी की बोतलों की बिक्री में अचानक काफी वृद्धि हुई है। पहले एक दुकान पर रोज़ाना लगभग 2 पेटी पानी की बोतलें बिकती थीं, लेकिन अब यह संख्या बढ़कर 8-10 पेटी तक पहुंच गई है। लोग सिर्फ पीने के लिए ही नहीं, बल्कि चाय और अन्य खाद्य पदार्थ बनाने में भी बोतलबंद पानी का उपयोग कर रहे हैं।
Indore Water Tragedy: दूषित पानी से बीमारियों और मौतों की खबरों के बाद इलाके में डर का माहौल है। निवासी साफ तौर पर कह रहे हैं कि उन्हें अब सप्लाई किए जा रहे पानी की शुद्धता पर भरोसा नहीं रहा। भागीरथपुरा की चाय की दुकानों पर बोतलबंद पानी का इस्तेमाल इस बात का संकेत है कि जल आपूर्ति प्रणाली पर लोगों का विश्वास डगमगा चुका है। वहीं, लोग प्रशासन से स्थायी और सुरक्षित पेयजल व्यवस्था की मांग कर रहे हैं।