सरकारी अस्पताल में होगा पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख के कंधे का ऑपरेशन, अदालत ने कहा- निजी अस्पताल की जरूरत नहीं

देशमुख ने अदालत से अनुरोध किया था कि कंधे की हड्डी खिसकने का उपचार और सर्जरी कराने के लिए उन्हें उनकी इच्छा के निजी अस्पताल में अस्थायी तौर पर स्थानांतरित करने की अनुमति दी जाए।

  •  
  • Publish Date - May 13, 2022 / 04:53 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:03 PM IST

Deshmukh’s shoulder operation: मुंबई, 13 मई । यहां की एक विशेष अदालत ने शुक्रवार को महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख को निजी अस्पताल में कंधे का ऑपरेशन करने की अनुमति देने से इंकार कर दिया। अदालत ने कहा कि उनका उपचार मुंबई के सरकारी जेजे अस्पताल में कराया जा सकता है।>>*IBC24 News Channel के WhatsApp  ग्रुप से जुड़ने के लिए Click करें*<<

उल्लेखनीय है कि देशमुख ने अदालत से अनुरोध किया था कि कंधे की हड्डी खिसकने का उपचार और सर्जरी कराने के लिए उन्हें उनकी इच्छा के निजी अस्पताल में अस्थायी तौर पर स्थानांतरित करने की अनुमति दी जाए। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के नेता ने इस पर आने वाले खर्च को भी वहन करने की पेशकश की थी।

read more: Elon Musk ने ट्विटर डील को डाला होल्ड पर, बताई ये बड़ी वजह

Deshmukh’s shoulder operation: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने हालांकि, उनकी अर्जी का विरोध किया था। ईडी ने तर्क दिया था कि जेजे अस्पताल में भी सर्जरी की सारी सुविधाएं और प्रशिक्षित डॉक्टर हैं। अदालत ने देशमुख की अर्जी को खारिज करते हुए कहा कि वह जेजे अस्पताल में सर्जरी व इलाज करा सकते हैं। देशमुख को पिछले साल नवंबर में ईडी ने धनशोधन के एक मामले में गिरफ्तार किया था। वह इस समय न्यायिक हिरासत में हैं।

read more: OBC Reservation को लेकर Narottam Mishra की Press Conference। ‘हमने सभी वर्गों को प्रतिनिधित्व दिया’

केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने शिवसेना नीत महा विकास अघाडी (एमवीए) सरकार में गृहमंत्री रहे देशमुख के खिलाफ मुंबई के पूर्व पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह द्वारा वसूली के लगाए गए आरोपों के आधार पर भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया था। इस प्राथमिकी के आधार पर ईडी ने उनके खिलाफ धनशोधन का मामला दर्ज किया।

read more: असिस्टेंट प्रोफेसर सहित अन्य पदो पर निकली बंपर भर्ती, 11 जून तक कर सकेंगे ऑनलाइन आवेदन

ईडी ने दावा किया है कि देशमुख ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए मुंबई के विभिन्न बार से 4.70 करोड़ रुपये की वसूली की। एजेंसी ने आरोप लगाया कि देशमुख परिवार ने इस राशि का नागपुर से संचालित श्री साई शिक्षण संस्थान के जरिये धनशोधन किया।