एससी/एसटी अधिनियम का दुरुपयोग हुआ, प्रोफेसर डूला के खिलाफ मामला वापस लें : सुधींद्र कुलकर्णी

Ads

एससी/एसटी अधिनियम का दुरुपयोग हुआ, प्रोफेसर डूला के खिलाफ मामला वापस लें : सुधींद्र कुलकर्णी

  •  
  • Publish Date - September 22, 2026 / 04:55 PM IST,
    Updated On - September 22, 2026 / 04:55 PM IST

मुंबई, 22 सितंबर (भाषा) आईआईटी मुंबई के पूर्व छात्र और सामाजिक-राजनीतिक कार्यकर्ता सुधींद्र कुलकर्णी ने मंगलवार को प्रोफेसर सूर्यनारायण डूला के खिलाफ दर्ज अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण (एससी/एसटी) अधिनियम के तहत दर्ज मामले को वापस लेने की मांग की।

कुलकर्णी ने दावा किया कि इस कानून का बड़े पैमाने पर दुरुपयोग किया गया है और इसमें सुधार के लिए राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा शुरू करने की बात कही।

उन्होंने कहा कि आईआईटी सहित उच्च शिक्षण संस्थानों को छात्रों के तनाव को कम करने के लिए परिसर के माहौल में लगातार सुधार करना चाहिए। उन्होंने वंचित और पिछड़े वर्गों के छात्रों के लिए कोचिंग और आपस में एक-दूसरे को सहयोग करने वाली व्यवस्था शुरू करने की जरूरत पर भी जोर दिया।

अधिकारियों के अनुसार, ऊर्जा विज्ञान और अभियांत्रिकी विभाग में बीटेक द्वितीय वर्ष के 22 वर्षीय छात्र साहिल वाकोडे का शव 18 सितंबर की शाम पवई में संस्थान के कैंपस स्थित छात्रावास के उसके कमरे में फंदे से लटका पाया गया था। आरोप है कि साहिल को परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन पर चैटजीपीटी का इस्तेमाल करते हुए पकड़ा गया था, जिसके कुछ घंटे बाद यह घटना हुई।

वाकोडे की आत्महत्या के बाद छात्रों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं के विरोध प्रदर्शनों के बाद संस्थान ने सोमवार को डूला को प्रशासनिक मामलों के डीन के पद से हटा दिया।

उनके खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने तथा जातिगत भेदभाव का मामला दर्ज किया गया है।

कुलकर्णी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि प्रोफेसर डूला के खिलाफ एससी/एसटी कानून के तहत दर्ज मामला वापस लिया जाना चाहिए।

भाषा सुमित दिलीप

दिलीप