शिवसेना सांसद ने सूखे पर चर्चा के लिए आयोजित बैठक में खुद के बादाम खाने का बचाव किया

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शिवसेना सांसद ने सूखे पर चर्चा के लिए आयोजित बैठक में खुद के बादाम खाने का बचाव किया

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  • Publish Date - September 19, 2026 / 08:31 PM IST,
    Updated On - September 19, 2026 / 08:31 PM IST

नांदेड़, 19 सितंबर (भाषा) शिवसेना के लोकसभा सदस्य संजय जाधव ने शनिवार को उन लोगों पर पलटवार किया, जिन्होंने नांदेड़ जिले में सूखे जैसे हालात और किसानों की परेशानी पर चर्चा के लिए बुलाई गई बैठक के दौरान बादाम और काजू खाने के लिए उन पर असंवेदनशील होने का आरोप लगाया था।

परभणी के सांसद जाधव ने कहा कि विपक्ष इस मानसून में बारिश की कमी के कारण किसानों के समक्ष मौजूद समस्याओं पर राजनीति कर रहा है।

उन्होंने कहा, ‘‘विपक्ष ने बैठक का बहिष्कार किया। बैठक में जिन मुद्दों पर चर्चा हुई, उन पर ध्यान दिया जाना चाहिए, न कि प्रतिभागियों को परोसे गए खाने पर।’’

महाराष्ट्र के कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे की मौजूदगी में हुई बैठक के दौरान, जाधव के अपने सामने रखी प्लेट से बादाम और काजू उठाकर खाने के वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हुए हैं। विपक्षी नेताओं और अन्य लोगों ने इस हरकत को असंवेदनशील बताया।

जाधव ने पत्रकारों से कहा,‘‘जब आपके सामने कोई प्लेट परोसी जाती है, तो क्या आपको उसे खाना चाहिए या नहीं? खाना वहां रखने का आदेश किसने दिया था? गलती उस व्यक्ति की थी जिसने वहां प्लेट रखी थी।’’

एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के सांसद जाधव ने बैठक में मांग की कि सरकार सूखे जैसे हालात से प्रभावित किसानों के लिए तुरंत और व्यापक मदद का ऐलान करे।

इस बीच, जब भरणे जिला कलेक्ट्रेट में पहले से तय समीक्षा बैठक के लिए जा रहे थे, तो कांग्रेस कार्यकर्ताओं और किसानों ने उनके खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।

प्रदर्शनकारियों ने सरकारी रेस्ट हाउस के पास उनके काफिले को घेर लिया और नारे लगाए। उनमें से कुछ लोगों ने मंत्री को सूखे सोयाबीन के पौधे सौंपे।

प्रदर्शनकारी चाहते थे कि राज्य सरकार मराठवाड़ा को सूखा-ग्रस्त घोषित करे, किसानों का कर्ज माफ करे और फसल के नुकसान के लिए मुआवजा दे।

भाषा राजकुमार संतोष

संतोष