Krishna Janmashtami Puja Muhurat/Image Credit: IBC24 File Photo
रायपुर: Krishna Janmashtami Puja Muhurat: हिंदू धर्म में श्री कृष्ण जन्माष्टमी को बहुत ही महत्वपूर्ण माना जाता है। जन्माष्टमी के त्योहार को बड़े ही धूम-धाम से मनाया जाता है। हर साल भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र में कृष्ण जन्माष्टमी का पावन पर्व मनाया जाता है। ऐसी मान्यता है कि, द्वापर युग में भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र में रात्रि 12 बजे भगवान श्री कृष्ण का जन्म हुआ था। इसी वजह से इस तिथि में जन्माष्टमी का त्योहार बनाया जाता है। इस साल जन्माष्टमी का त्योहार 16 अगस्त शनिवार यानी आज मनाया जा रहा है। धर्मग्रंथों बताया गया है कि भगवान श्रीकृष्ण का जन्म भाद्रपद कृष्ण अष्टमी तिथि को रोहिणी नक्षत्र में आधी रात को वृषभ राशि के चंद्रमा में हुआ था।
Krishna Janmashtami Puja Muhurat: आपको बता दें कि, इस बार श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर बुधादित्य, गजलक्ष्मी समेत 6 शुभ योग बन रहे हैं। ये सभी योग बेहद ही शुभ माने जाते है।
Krishna Janmashtami Puja Muhurat: ऐसी मान्यता है कि, जन्माष्टमी के दिन भगवान श्रीकृष्ण की पूजा करने से जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य में वृद्धि होती है। ऐसा कहा जाता है कि, जन्माष्टमी के दिन व्रत रखने से और भगवान श्रीकृष्ण की आराधना करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। साथ ही भगवान श्रीकृष्ण की आराधना करने से संतान की कामना की पूर्ति होती है।
पूजा का समय – 12:04am से 12:47am, अगस्त 17
अवधि – 43 मिनट्स
Krishna Janmashtami Puja Muhurat: कृष्ण जन्माष्टमी के व्रत में रात्रि को लड्डू गोपाल की पूजा-अर्चना करें। व्रत का पारण अगले दिन यानी 17 अगस्त रविवार को सुबह 05:51 के बाद किया जाएगा।
Krishna Janmashtami Puja Muhurat: शास्त्रों में बताया गया है कि, जन्माष्टमी के दिन भगवान कृष्ण के साथ-साथ गाय की भी पूजा करें। पूजा स्थल पर भगवान कृष्ण की मूर्ति के साथ गाय की मूर्ति भी रखें। इसके साथ ही भगवान कृष्ण की पूजा में गाय के दूध से बने घी का इस्तेमाल करें।