अर्जेंटीना और स्पेन दोनों के प्रशंसकों ने फाइनल में की जमकर मौजमस्ती
अर्जेंटीना और स्पेन दोनों के प्रशंसकों ने फाइनल में की जमकर मौजमस्ती
ईस्ट रदरफोर्ड, 20 जुलाई (एपी) टॉम क्रूज़ ने विश्व कप में भाषण देते हुए कहा कि फुटबॉल विश्व को एकता के सूत्र में बांधता है लेकिन उनका यह भाषण शायद ही कोई सुन पाया क्योंकि हजारों मील की यात्रा करके आए तथा टिकटों, बीयर, विग आदि पर हजारों डॉलर खर्च करने वाले अर्जेंटीना और स्पेन के प्रशंसकों के गायन, सीटियों, ढोल की तेज आवाज और तालियों के बीच अभिनेता की आवाज सुनना लगभग असंभव था।
लियोनेल मेस्सी को विदाई देने के लिए कोई भी कीमत बहुत अधिक नहीं थी, क्योंकि वह संभवतः अपना आखिरी विश्व कप मैच खेल रहे थे।
अर्जेंटीना के प्रशंसक मैनुअल लोपेज़ मैकोटा ने कहा, ‘‘पैसा तो आता जाता रहता है। यह जीवन में एक बार मिलने वाला मौका है। आप दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी को उसके आखिरी विश्व कप मैच में खेलते हुए देख रहे हैं। इसके सामने पैसा कुछ भी नहीं है।’’
मैकोटा और उनका एक दोस्त ब्यूनस आयर्स से न्यूजर्सी आए थे। उन्हें हालांकि आखिर में निराशा हाथ लगी क्योंकि फेरान टोरेस के अतिरिक्त समय में किए गोल की मदद से स्पेन ने अर्जेंटीना को 1-0 से हरा दिया।
मैकोटा ने कहा कि उन्होंने टिकट के लिए लगभग 10,000 डॉलर खर्च किए। जिस 18 डॉलर की बीयर को खरीदने के लिए वह लाइन में खड़े थे, वह अचानक टिकट की कीमत के सामने मामूली रकम लगने लगी।
उनके दोस्त सैंटियागो बुरकाको को टिकट के लिए 5,000 डॉलर ही खर्च करने पड़े।
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने विश्व कप फाइनल से पहले ही टिकट खरीद लिया था।’’
अर्जेंटीना की एक और प्रशंसक गुआडालूप विलार ने कहा कि वह और उनके पति लगभग संयोग से फाइनल देखने पहुंचे थे। ब्यूनस आयर्स में रहने वाला यह दंपत्ति अपनी लगभग दो साल की बेटी को भी साथ लाए थे। उन्होंने एक प्रतियोगिता जीतकर अर्जेंटीना और इंग्लैंड के बीच सेमीफाइनल मैच की टिकट जीती थी। अपने देश की जीत के बाद, उन्होंने घर न जाने का फैसला किया और फाइनल के टिकट खरीदने के लिए 7,000 डॉलर प्रति व्यक्ति (उनकी बेटी के लिए टिकट मुफ्त था) खर्च किए।
विलार ने कहा, ‘‘हम दोनों नौकरी करते हैं और हमारे पास कुछ बचत भी है तो हमने सोचा, यह छुट्टी थोड़ी और लंबी हो जाए। यह एक शानदार मैच था। हारना दुखद था, लेकिन यह एक अविस्मरणीय अनुभव था।’’
विश्व कप के प्रशंसकों को ‘जॉइन द सेलिब्रेशन’ नामक एक बैनर दिया गया था, जिसमें प्रशंसकों को खेल में सर्वोत्तम तरीके से भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया था।
दोनों देशों के प्रशंसक स्टेडियम में प्रवेश करने के लिए लंबी कतारें पार करने के बाद से ही जोश से भरे हुए थे और वे अपनी-अपनी भाषाओं में गीत गाते और नारे लगाते रहे।
स्पेन के प्रशंसक अपने देश के ध्वज से सजी चमकीली लाल और पीली अफ्रीकी शैली की विग पहने कतारों में बैठे थे।
फाइनल के टिकटों की कीमत आखिर में आसमान छूने लग गई थी लेकिन मेस्सी और उस एक बार होने वाले ऐतिहासिक मैच ने अर्जेंटीना के भावुक और वफादार प्रशंसकों के बीच एक अनोखी तरह की दीवानगी पैदा कर दी।
स्टेडियम के अंदर मौजूद फुटबॉल के दीवाने ज्यादातर लोगों ने अपनी विशेष बचत से इस मैच की टिकट खरीदे थे। इनमें मैड्रिड के कुरो सांचेज़ भी शामिल थे जिन्होंने टिकट पर 8,000 डॉलर खर्च किए।
एपी
पंत
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