बीजापुर जिले के कोतवाली में पदस्त जवान सहायक आरक्षक सीताराम बागडे का नक्सलियों ने अपहरण किया था। जिसके बाद उसे मौत के घाट उतार कर वे शव को कचलारम मार्ग पर रख गए।
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बताया जा रहा है कि सहायक आरक्षक सीताराम 5 दिनों की छुटटी पर था। अपनी बहन से मिलने फरसेगढ गया हुआ था। स्वास्थ ठीक नही होने के कारण फरसेगढ में ही देसी ईलाज करा रहा था मगर छुट्टी खत्म होते ही भैरमगढ़ जाने का कह कर घर से निकला था। मगर छुट्टी बढ़ाने के लिए भैरमगढ़ के बजाय फरसेगढ से मित्र के साथ मोटर साईकिल से बीजापुर के लिए कचलारम होते निकल गया। कचलारम में घात लगाये नक्सलियों ने मोटर साईकिल को रोककर तलाशी ली तो आरक्षक के पास छुट्टी का आवेदन मिला। जिसके बाद लाल लड़ाके आरक्षक का अपहरण कर जंगल की ओर ले गये।
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वहीं दूसरे साथी को छोड़ दिया। जवान को सुखे डण्डे और पत्थरों से मार-मार कर हत्या कर दी। जिस जगह से अपहरण किया गया था उस जगह पर ही सहायक आरक्षक का शव रख छोड़कर चले गए। जब राहगीरों ने सड़क पर शव देखा तो उन्होंने कचलारम के सरपंच को बताया उन्होंने तोयनार थाने में सुचना दी जिसके बाद से ही बीजापुर में दहशत का माहौल बना हुआ है।
वेब डेस्क, IBC24