कश्मीर में मारे गए हिजबुल आतंकी का ग्वालियर कनेक्शन,सब्जार ने एमफिल के साथ की थी नेट परीक्षा पास

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कश्मीर में मारे गए हिजबुल आतंकी का ग्वालियर कनेक्शन,सब्जार ने एमफिल के साथ की थी नेट परीक्षा पास

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  • Publish Date - October 26, 2018 / 07:21 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:38 PM IST

ग्वालियर। कश्मीर के सुतु कोठर बाग में बुधवार को सुरक्षा बलों के ऐनकाउंटर में मारा गया हिजबुल मुजाहिदीन का आतंकी सब्जार अहमद एक साल तक ग्वालियर के जीवाजी यूनिवर्सिटी में रहा है। सब्जार ने साल 2011-12 सत्र में जेयू से ही बॉटनी में एमफिल की। इस दौरान उसने नेट की परीक्षा भी पास की। इसके बाद वह हिजबुल मुजाहिदीन के संपर्क में आकर आतंकी बन गया। एटीएस पता लगा रही है कि जेयू में रहने के दौरान वह किसी संगठन के संपर्क में था या नहीं। उसके साथ कितने कश्मीरी युवकों ने यहां से एमफिल की और अभी उनकी क्या स्थिति है। जल्द एटीएस के अधिकारी जेयू आएंगे। 

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दरअसल कश्मीर में नौगाम इलाके के सुतु कोठर बाग में एक मकान में दो आतंकी छुपे होने की सूचना बुधवार को सुरक्षा बलों को मिली थी। जिस पर सुरक्षा बलों ने कमान संभाली और मुठभेड़ में हिजबुल मुजाहिदीन के दो आतंकी सब्जार अहमद, आसिक अहमद गोवरी को ढेर किया गया था। मारा गया सब्जार का पूरा नाम सब्जार अहमद उर्फ डॉ. सैफुल्ला पुत्र बशीर अहमद अनंतबाग कश्मीर है। इसके बारे में जब सुरक्षा बल ने जानकारी जुटाई तो पता लगा कि यह 2016 से आतंकी संगठन के साथ स्थायी रूप से काम कर रहा था। 

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सब्जार उनके संपर्क में कब से था यह साफ नहीं हो सका है। जिसके बाद आतंकी के अतीत के पन्नों को टटोला गया है। जिसमें ग्वालियर व भोपाल का भी जिक्र है। अब आतंकी के घर पहुंचने पर एटीएस को पता लगा कि आतंकी बनने से 4 साल पहले पूरे एक साल के लिए सब्जार ग्वालियर में रहा। ग्वालियर की जीवाजी यूनिवर्सिटी में वर्ष 2011 में उसने बॉटनी से एमफिल के लिए दाखिला लिया। वर्ष 2012 में एफफिल पास की। उसके साथ 12 छात्र थे। आतंकी के समय में जितने भी छात्र एमफिल करने वाले थे उनमें ज्यादातर कश्मीर के थे। अब उसके साथ एमफिल करने वाले कहां है उनकी क्या स्थिति है। ग्वालियर में रहते समय उसका संपर्क यहां किस-किस से था। उसी समय से वह हिजबुल के संपर्क में था या नहीं। इसकी जानकारी जुटाने के लिए जल्द एटीएस की टीम ग्वालियर पहुंच सकती है। 

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वहीं हिजबुल मुजाहिदीन का आतंकी सब्जार अहमद के एनकांटर की खबर के बाद से जीवाजी विश्वविधालय ने कश्मीरी छात्रों का रिकॉर्ड भी अपडेट कर लिया है। विश्वविद्यालय के मुताबिक हिजबुल मुजाहिदीन का आतंकी सब्जार अहमद यूनिवर्सिटी में किसी से बात नहीं करता था। आपको बता दें कि यूनिवर्सिटी में लगभग ढाई सौ से ज्यादा कश्मीरी छात्र अलग-अलग सब्जेक्टों में पढ़ाई कर रहे हैं।

 

वेब डेस्क, IBC24