(Hyundai Motor India Share/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: Hyundai Motor India Share: दिग्गज ऑटो कंपनी हुंडई मोटर इंडिया के शेयर ने निवेशकों को बड़ा झटका दिया है। मार्च 2026 इस स्टॉक के लिए लिस्टिंग के बाद सबसे कमजोर महीना साबित हुआ है। पिछले 7 कारोबारी दिनों में केवल एक दिन ही शेयर हरे निशान में बंद हुआ, जबकि बाकी दिनों में गिरावट रही। इस दौरान स्टॉक करीब 13% तक गिर चुका है, जबकि पूरे महीने में इसमें लगभग 20% की गिरावट आई है।
करीब 17 महीने पहले 1960 रुपये के भाव पर आया यह शेयर अब अपने इश्यू प्राइस से 11% से ज्यादा नीचे आ चुका है। बीएसई पर यह फिलहाल 1775.10 रुपये के आसपास ट्रेड कर रहा है। इंट्रा-डे में यह 4.55% गिरकर 1734.10 रुपये तक पहुंच गया था। इस तरह लगातार गिरावट ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है।
इस गिरावट के पीछे कई वैश्विक और घरेलू कारण हैं। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और ईरान-अमेरिका-इजराइल के बीच संघर्ष से सप्लाई चेन प्रभावित हुई है। ऑटो सेक्टर में एल्युमिनियम की कीमतों में तेज उछाल और बढ़ते फ्रेट कॉस्ट ने कंपनियों की लागत बढ़ा दी है। इसके अलावा डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी ने भी सेक्टर पर दबाव बनाया है, जिसका असर हुंडई के शेयरों पर साफ दिख रहा है।
| विवरण | आंकड़े |
| शेयर का मूल्य (INR) | ₹1,775.10 (−41.60 / −2.29%) |
| समय | 30 Mar, 1:30 pm IST |
| खुला (Open) | ₹1,785.10 |
| उच्चतम (High) | ₹1,797.00 |
| न्यूनतम (Low) | ₹1,734.10 |
| मार्केट कैप (Mkt Cap) | ₹1.45 लाख करोड़ |
| P/E अनुपात | 24.91 |
| 52-सप्ताह उच्च (52-wk High) | ₹2,890.00 |
| 52-सप्ताह न्यूनतम (52-wk Low) | ₹1,541.70 |
| डिविडेंड यील्ड | 1.18% |
| त्रैमासिक डिविडेंड राशि | ₹5.24 |
हुंडई मोटर इंडिया का 27,859 करोड़ रुपये का बड़ा आईपीओ अक्टूबर 2024 में आया था और इसे अच्छा रिस्पॉन्स मिला था। लिस्टिंग के बाद शेयर में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। अप्रैल 2025 में यह 1541.70 रुपये के निचले स्तर पर पहुंचा, फिर सितंबर 2025 में 2890 रुपये के उच्च स्तर तक गया। फिलहाल शेयर अहम मूविंग एवरेज से नीचे और ओवरसोल्ड जोन में है। इस शेयर को कवर करने वाले 29 एनालिस्ट्स में से 24 ने इसमें निवेश की सलाह दी है वहीं, 3 ने Hold और 2 ने Sell की रेटिंग दी है।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।