उत्तर प्रदेश में भारी बारिश से कई क्षेत्रों फसल को नुकसान

उत्तर प्रदेश में भारी बारिश से कई क्षेत्रों फसल को नुकसान

उत्तर प्रदेश में भारी बारिश से कई क्षेत्रों फसल को नुकसान
Modified Date: September 26, 2026 / 03:43 pm IST
Published Date: September 26, 2026 3:43 pm IST

लखनऊ, 26 सितंबर (भाषा) मानसून गतिविधि तेज होने से उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश हुई तथा लखनऊ में शनिवार सुबह तक पिछले 21 घंटों में 125.8 मिमी वर्षा दर्ज की गई एवं तेज हवाओं के चलते ग्रामीण क्षेत्रों में फसलों को नुकसान पहुंचा।

राहत आयुक्त डॉक्टर हृषिकेश भास्कर यशोद ने बताया कि 63 जनपदों में सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई है तथा पिछले 24 घंटों के दौरान पूरे राज्य में सामान्य से 19 गुना अधिक वर्षा हुई।

उन्होंने बताया कि फर्रुखाबाद में सामान्य से 200 गुना, कानपुर नगर में 160 गुना, कन्नौज, कानपुर देहात और हरदोई में सामान्य से 130 गुना अधिक वर्षा दर्ज की गई है।

भारत मौसम विज्ञान विभाग ने शनिवार के लिए पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने के साथ ही तेज हवाएं चलने का अनुमान व्यक्त किया है। रविवार को भी कई स्थानों पर बारिश और गरज के साथ छींटे पड़ना जारी रह सकता है।

मौसम की ताजा स्थिति के अनुसार, उत्तर पूर्वी मध्यप्रदेश और इससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ के ऊपर बना दबाव उत्तर पश्चिम दिशा में दक्षिण पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ रहा है। शनिवार सुबह साढ़े पांच बजे इसका केंद्र प्रयागराज से लगभग 230 किलोमीटर दक्षिण में था।

मौसम विभाग ने कहा कि इस रुख के शनिवार शाम तक दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ते हुए दबाव बने रहने और इसके बाद अगले 12 घंटों में धीरे धीरे कमजोर होने की संभावना है।

तेज बारिश से कई स्थानों पर जलभराव और यातायात जाम की स्थिति पैदा हुई है। निचले इलाकों में रहने वाले लोग बारिश से मुश्किलों का सामना कर रहे हैं।

अयोध्या में बारिश और तेज हवाओं से राम पथ, राम मंदिर, हनुमानगढ़ी, कनक भवन और सरयू क्षेत्र में आवागमन प्रभावित हुआ है। बौछार के साथ तेज हवाएं चलने से श्रद्धालुओं को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ा है।

अयोध्या में एक श्रद्धालु ने कहा कि बारिश के बावजूद लोग मंदिर जा रहे हैं, लेकिन पानी और तेज हवाओं के कारण चलना थोड़ा मुश्किल है।

ग्रामीण हिस्सों में तेज हवाओं और बारिश से खड़ी फसल को नुकसान हुआ है । किसानों ने चिंता जताई है कि लंबे समय तक बारिश से नुकसान बढ़ सकता है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रभावित जिलों के जिलाधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने, प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने और वहां व्यवस्था की निगरानी करने का निर्देश दिया है। रेड अलर्ट वाले जिलों में विद्यालय बंद रखने के आदेश दिए गए हैं।

प्रशासन ने आजमगढ़, बलिया, गाजीपुर, मऊ, महाराजगंज, कुशीनगर, देवरिया, गोरखपुर, संत कबीर नगर, सिद्धार्थ नगर, बस्ती, बलरामपुर, अंबेडकर नगर, प्रतापगढ़, सुलतानपुर, अयोध्या, गोंडा, श्रावस्ती, सीतापुर, लखीमपुर खीरी, बहराइच, हरदोई, लखनऊ, उन्नाव, रायबरेली, बाराबंकी, फतेहपुर, कानपुर नगर, बांदा, कौशांबी और चित्रकूट सहित कई जिलों को अचानक बाढ़ की दृष्टि से संवेदनशील जिलों के रूप में पहचान की है।

मौसम विभाग ने लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचने और खुले क्षेत्रों, पेड़ों और जलाशयों से दूर रहने की सलाह दी है।

अधिकारियों ने बताया कि राज्य में पिछले 48 घंटों में अतिवृष्टि और आंधी-तूफान के कारण 117 मकान क्षतिग्रस्त हो गये। उन्होंने कहा कि संबंधित जिलाधिकारियों को प्रभावित परिवारों को पूरी संवेदनशीलता के साथ अनुमन्य सहायता राशि तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

राहत आयुक्त ने नेपाल में हो रही भारी बारिश के मद्देनजर सीमावर्ती जिलों, विशेषकर पूर्वी उत्तर प्रदेश में नदियों के जलस्तर बढ़ने की आशंका को देखते हुए प्रशासन को अतिरिक्त सतर्कता बरतने को कहा। संबंधित जिलाधिकारियों को नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखने और बाढ़ राहत एवं बचाव दलों को अलर्ट की स्थिति में रखने को कहा गया है।

भाषा चंदन राजेंद्र राजकुमार

राजकुमार


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