विश्व पर्यावरण दिवस पर प्रकृति संरक्षण का संकल्प लें : योगी आदित्यनाथ

विश्व पर्यावरण दिवस पर प्रकृति संरक्षण का संकल्प लें : योगी आदित्यनाथ

विश्व पर्यावरण दिवस पर प्रकृति संरक्षण का संकल्प लें : योगी आदित्यनाथ
Modified Date: June 1, 2026 / 10:05 am IST
Published Date: June 1, 2026 10:05 am IST

लखनऊ, एक जून (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों से पर्यावरण संरक्षण में सक्रिय भागीदारी का आह्वान करते हुए सोमवार को कहा कि आगामी पांच जून को मनाया जाने वाला विश्व पर्यावरण दिवस केवल एक वार्षिक औपचारिकता नहीं, बल्कि सामूहिक जिम्मेदारी के रूप में लिया जाना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर ‘योगी की पाती’ शीर्षक से लिखे एक पत्र में कहा कि सनातन संस्कृति में वृक्षों, पर्वतों, नदियों और जीव-जंतुओं की पूजा की परंपरा रही है तथा वेदों में प्रकृति की उपासना को साक्षात ईश्वर की आराधना माना गया है।

उन्होंने प्रदेशवासियों का आह्वान करते हुए कहा, ‘‘आगामी पांच जून को विश्व पर्यावरण दिवस का अवसर वार्षिक औपचारिकता न होकर प्रकृति के प्रति हमारी साझी कृतज्ञता का प्रकटीकरण होना चाहिए।’’

मुख्यमंत्री ने पत्र में कहा कि सनातन परंपरा में वर्णित तीन ऋणों—देव ऋण, ऋषि ऋण और पितृ ऋण में देव ऋण का सीधा संबंध प्रकृति से है। जल, वन, भूमि और समस्त सृष्टि का संरक्षण ही इस ऋण से उऋण होने का मार्ग है।

प्रकृति संरक्षण पर जोर देते हुए आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘आज प्रौधारोपण, जल संरक्षण और नदियों के पुनर्जीवन का संकल्प पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है। ‘जल है तो कल है’ केवल एक नारा नहीं, बल्कि जीवन का सार है।’’

उन्होंने कहा कि पारिस्थितिकी के प्रति उनकी सरकार की संवेदनशीलता का प्रमाण यह है कि उत्तर प्रदेश में शेखा झील पक्षी अभयारण्य को शामिल किए जाने के बाद रामसर स्थलों की संख्या बढ़कर 12 हो गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नदियों के पुनरुद्धार संबंधी प्रदेश सरकार की ‘एक जनपद, एक नदी’ योजना की सफलता यह दर्शाती है कि यदि समाज व शासन मिलकर प्रयास करें तो प्रकृति का संरक्षण प्रभावी ढंग से किया जा सकता है।

उन्होंने प्रदेश के युवाओं से विशेष रूप से आह्वान किया कि वे जल संरक्षण, स्वच्छता, वृक्षारोपण और नदियों के संरक्षण का सशक्त आधार बनें।

मुख्यमंत्री ने पत्र में कहा, ‘‘युवा शक्ति और उनकी सहभागिता ही हरित एवं समृद्ध उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी ताकत है। प्यारे बच्चों, आपसे भी एक आग्रह है कि हर वर्ष अपने जन्मदिन या किसी विशेष अवसर पर एक पौधा अवश्य लगाएं और उसकी देखभाल भी करें।’’

उन्होंने कहा, ‘‘आइए, विश्व पर्यावरण दिवस पर हम सभी प्रकृति संरक्षण, जलस्रोतों के संवर्धन और वृक्षों की रक्षा का संकल्प लें। सुरक्षित, स्वच्छ और समृद्ध पर्यावरण ही विकसित प्रदेश का आधार है।’’

भाषा सलीम खारी

खारी


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