लखनऊ/झांसी, 25 जुलाई (भाषा) राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) प्रश्नपत्र लीक के खिलाफ कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के नेतृत्व में जारी आंदोलन के समर्थन में शनिवार को उत्तर प्रदेश के कई शहरों में विरोध प्रदर्शन हुए।
हजारों छात्र और विभिन्न विपक्षी संगठनों के कार्यकर्ता केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तथा दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कथित पुलिस कार्रवाई की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग को लेकर सड़कों पर उतरे।
कॉजपा ने नीट-यूजी विवाद सहित प्रश्नपत्र लीक के विरोध में अपना राष्ट्रव्यापी अभियान तेज कर दिया है। संगठन ने देशभर के छात्रों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की है, जिसके तहत प्रयागराज, लखनऊ, झांसी, सहारनपुर और अन्य जिलों में प्रदर्शन आयोजित किए गए।
प्रयागराज में भारी बारिश के बावजूद पांच हजार से अधिक छात्र सिविल लाइंस क्षेत्र में इकट्ठा हुए और हाथों में संविधान की प्रतियां लेकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए नारे लगाए।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने मार्ग पर दो हजार से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया।
लखनऊ में आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) ने इको गार्डन में धरना दिया, जिसमें पार्टी प्रमुख एवं नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद राज्य के विभिन्न जिलों से आए समर्थकों के साथ शामिल हुए।
प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे, जंतर-मंतर पर छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज के लिए जिम्मेदार पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा घायल प्रदर्शनकारियों को मुआवजा देने की मांग की।
झांसी में आजाद समाज पार्टी के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने आंबेडकर चौक से जिलाधिकारी कार्यालय तक मार्च निकाला और अपर जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे, ‘‘शिक्षा माफिया’’ के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, पुलिस की कथित ज्यादतियों के दोषियों को दंडित करने तथा प्रश्नपत्र लीक के मुद्दे पर कथित रूप से आत्महत्या करने वाले या आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले छात्रों के परिजनों को कम से कम एक-एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने की मांग की गई।
पार्टी के उपाध्यक्ष राम गोपाल ने आरोप लगाया कि शिक्षित युवा रोजगार के अवसरों को लेकर असमंजस की स्थिति में हैं। उन्होंने सरकार पर रोजगार सृजन के अपने वादे को पूरा करने में विफल रहने का आरोप भी लगाया।
सहारनपुर में भीम आर्मी के कार्यकर्ता रामलीला मैदान में इकट्ठा हुए और प्रश्नपत्र लीक के विरोध में प्रदर्शन किया। उन्होंने भी केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग की।
भाषा सं जफर खारी
खारी