उप्र: ईडी ने जीएसटी ‘धोखाधड़ी’ मामले में छापेमारी के बाद तीन करोड़ रुपये से अधिक जब्त किए

उप्र: ईडी ने जीएसटी 'धोखाधड़ी' मामले में छापेमारी के बाद तीन करोड़ रुपये से अधिक जब्त किए

उप्र: ईडी ने जीएसटी ‘धोखाधड़ी’ मामले में छापेमारी के बाद तीन करोड़ रुपये से अधिक जब्त किए
Modified Date: August 25, 2026 / 03:51 pm IST
Published Date: August 25, 2026 3:51 pm IST

लखनऊ, 25 अगस्त (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित माल एवं सेवा कर (जीएसटी) धोखाधड़ी से जुड़े धन शोधन मामले की जांच के सिलसिले में उत्तर प्रदेश और हरियाणा में कई स्थानों पर छापेमारी के बाद 3.6 करोड़ रुपये जब्त किए हैं। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय एजेंसी के लखनऊ कार्यालय ने धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत 24 अगस्त को उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर और गाजियाबाद में नौ परिसरों पर छापेमारी की थी। इनमें बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पूर्व विधायक शाहनवाज राणा से जुड़े परिसर भी शामिल थे।

अधिकारियों ने बताया कि हरियाणा के फरीदाबाद में भी कुछ परिसरों पर तलाशी ली गई थी।

छापेमारी मंगलवार को समाप्त हुई और अधिकारियों के अनुसार परिसरों से 3.6 करोड़ रुपये के अलावा विभिन्न दस्तावेज जब्त किए गए हैं।

यह जांच फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का ‘‘धोखाधड़ी’’ से लाभ उठाने से जुड़ी है।

अधिकारियों ने पहले बताया था कि यह जांच जंबूद्वीप एक्सपोर्ट एंड इम्पोर्ट नामक कंपनी से जुड़ी है। आरोप है कि कंपनी ने सामान के वास्तविक परिवहन के बिना ही फर्जी चालान और ‘ई-वे बिल’ के माध्यम से ‘इनपुट टैक्स क्रेडिट’ बनाया और उसे आगे हस्तांतरित किया।

कंपनी या उसके अधिकारियों से ईडी की कार्रवाई पर प्रतिक्रिया नहीं मिल पाई है।

ईडी का आरोप है कि कंपनी ने कई फर्जी/अस्तित्वहीन संस्थाओं के माध्यम से धन का विभिन्न स्तरों पर लेन-देन और नकद निकासी की। जीएसटी अधिकारियों ने 9.63 करोड़ रुपये के फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट के लाभ उठाए जाने का पता लगाया, जिससे सरकारी खजाने को राजस्व का नुकसान हुआ।

भाषा

राखी खारी

खारी


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