Shankaracharya Controversy: गौहत्या को लेकर झूठ बोल रहे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती! उप्र के पशुपालन मंत्री ने लगाए गंभीर आरोप

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Avimukteshwaranand Saraswati: बरेली में पत्रकारों से बात करते हुए धर्मपाल सिंह ने कहा कि योगी आदित्यनाथ सरकार स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को शंकराचार्य नहीं मानती है।

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  • Publish Date - January 31, 2026 / 11:23 PM IST,
    Updated On - February 1, 2026 / 12:02 AM IST

Shankaracharya Controversy, image source: ians

HIGHLIGHTS
  • राज्य में गाय के मांस और गोहत्या पर पूरी तरह से प्रतिबंध
  • राज्य से ‘बीफ’ निर्यात रोकने और गाय को 'राष्ट्र माता' घोषित करने की मांग
  • अगले साल माघ मेले में जाऊंगा और सम्मान के साथ स्नान करूंगा : अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती

Bareilly News: उत्तर प्रदेश के पशुपालन एवं डेयरी विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने शनिवार को स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती पर गोहत्या के बारे में झूठ बोलने का आरोप लगाते हुए कहा कि वह (अविमुक्तेश्वरानंद) ‘गोकशी के आकाओं’ के दबाव में राज्य में भ्रम और अराजकता फैलाना चाहते हैं। बरेली में पत्रकारों से बात करते हुए धर्मपाल सिंह ने कहा कि योगी आदित्यनाथ सरकार स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को शंकराचार्य नहीं मानती है।

सिंह ने कहा, ‘शंकराचार्य कोई सरकारी नियुक्ति या संवैधानिक पद नहीं है, बल्कि यह मठों और परंपराओं का मामला है। सरकार ऐसे किसी भी व्यक्ति को मान्यता नहीं देगी जो धार्मिक पद की आड़ में जनता के बीच भ्रम फैलाता है। प्रशासन का काम केवल शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखना है, न कि किसी विवादित धार्मिक दावे का समर्थन करना।’

राज्य में गाय के मांस और गोहत्या पर पूरी तरह से प्रतिबंध : धर्मपाल सिंह

उत्तर प्रदेश के मंत्री ने दोहराया कि राज्य में गाय के मांस और गोहत्या पर पूरी तरह से प्रतिबंध है। उन्होंने कहा कि नियमों के तहत उत्तर प्रदेश से केवल सूअर का मांस, भैंस का मांस और बकरी का मांस (मटन) निर्यात किया जाता है और कहा कि 2017 में सत्ता में आने के बाद योगी आदित्यनाथ सरकार का पहला बड़ा फैसला अवैध बूचड़खानों को बंद करना था।

उन्होंने कहा कि आज राज्य में हजारों अवैध बूचड़खाने बंद हैं और पशु तस्करों के खिलाफ सख्त रासुका (राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम) के तहत कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार ने न केवल बजट आवंटित किया है, बल्कि गौशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्राकृतिक खेती और बायोगैस मॉडल पर भी काम शुरू कर दिया है।

राज्य से ‘बीफ’ निर्यात रोकने और गाय को ‘राष्ट्र माता’ घोषित करने की मांग

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने शुक्रवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से राज्य से ‘बीफ’ निर्यात रोकने और गाय को ‘राष्ट्र माता’ घोषित करने के लिए कहा था ताकि वे ‘हिंदू समर्थक’ के रूप में अपनी प्रतिबद्धता साबित कर सकें।

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने प्रयागराज में मौनी अमावस्या स्नान पर्व पर उन्हें और उनके अनुयायियों को स्नान करने से पुलिस द्वारा कथित तौर पर रोके जाने के बाद इसके विरोध में 18 जनवरी से जारी अपने धरने को औपचारिक तौर पर समाप्त कर दिया है।

अगले साल माघ मेले में जाऊंगा और सम्मान के साथ स्नान करूंगा : अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने शुक्रवार को वाराणसी में पत्रकारों से बात करते हुए कहा था, ‘जब मैं 11 दिनों तक वहां बैठा था, तो किसी भी अधिकारी ने मुझसे डुबकी लगाने के लिए नहीं कहा। अब बहुत देर हो चुकी है। मैं अगले साल माघ मेले में जाऊंगा और सम्मान के साथ स्नान करूंगा।’

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