उप्र : शहीदों की प्रतिमाएं ध्वस्त करने के खिलाफ कई संगठनों ने बुधवार को किया प्रदर्शन

उप्र : शहीदों की प्रतिमाएं ध्वस्त करने के खिलाफ कई संगठनों ने बुधवार को किया प्रदर्शन

उप्र : शहीदों की प्रतिमाएं ध्वस्त करने के खिलाफ कई संगठनों ने बुधवार को किया प्रदर्शन
Modified Date: March 25, 2026 / 11:27 pm IST
Published Date: March 25, 2026 11:27 pm IST

शाहजहांपुर (उप्र) 25 मार्च (भाषा) शाहजहांपुर जिले में सड़क चौड़ी करने के नाम पर शहीदों की प्रतिमाओं को ध्वस्त करने के बाद उन्हें ‘फेंकने’ के मामले में बुधवार को भी विभिन्न संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया।

शहीद असफाक उल्ला खान समिति ने मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग करते हुए आरोप लगाया कि जिला प्रशासन की मिलीभगत से रात में प्रतिमाएं ध्वस्त की गईं। समिति के पदाधिकारी सुधीर विद्यार्थी ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि अमर शहीद भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव की शहादत के दिन काकोरी कांड के शहीदों ठाकुर रोशन सिंह, अशफाक उल्ला खान तथा पंडित राम प्रसाद बिस्मिल की प्रतिमाएं जिला प्रशासन तथा नगर निगम प्रशासन ने एक साजिश के तहत सौन्दर्यीकरण के नाम पर गिरवा दी हैं।

उन्होंने कहा कि सौन्दर्यीकरण के लिये शहीदों की प्रतिमाओं से बेहतर और क्या हो सकता है।

शहीद अशफाक उल्ला खान के प्रपौत्र अशफाक उल्ला खान ने कहा है कि जब तक मूर्तियां स्थापित नहीं हो जाती, वह विरोध जारी रखेंगे।

उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि पाकिस्तान में शहीद ए आजम भगत सिंह कमेटी से लोगों के फोन कॉल आ रहे हैं, यहां तक कि पूरे देश से लोग उन्हें फोन कर इस कृत्य की निंदा कर रहे हैं।

वहीं, कांग्रेस पार्टी जिला अध्यक्ष रजनीश गुप्ता ने कहा कि उनकी मांग है कि शहीद अशफाक उल्ला खान के परिजनों को शामिल करते हुए जांच कमेटी बनाई जाए और मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए।

बहुजन आर्मी संगठन ने प्रशासन को सौंपे ज्ञापन में कहा गया है कि प्रतिमा ध्वस्त किये जाने के मामले में सम्बन्धित फर्म के खिलाफ जो प्राथमिकी दर्ज की गई है, उसमें राजद्रोह की धारा जोड़ी जाए तथा एक सप्ताह में प्रतिमाओं को स्थापित किया जाए।

‘एंटी करप्शन ऑफ़ इंडिया’ समेत कई अन्य संगठनों ने भी इसी मामले को लेकर कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया है तथा पुतला दहन भी किया।

नगर निगम परिषद परिसर में रविवार रात में सौन्दर्यीकरण के नाम पर ठाकुर रोशन सिंह, अशफाक उल्ला खान तथा पंडित राम प्रसाद बिस्मिल की मूर्तियों को बुलडोजर से तोड़कर मलबे को कूड़ा फेंकने के स्थान पर डाल दिया गया था, जिसके बाद से पूरे शहर में आक्रोश है।

मामले में मुख्यमंत्री ने नगर निगम के कनिष्ठ अभियंता समेत दो अधिकारियों के निलंबन के आदेश दिए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह कार्रवाई अधिकारियों के निर्देश पर की गई।

भाषा सं. सलीम धीरज

धीरज


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