भारतीय व्यक्ति ने अमेरिका में टेलीमार्केटिंग घोटाले में दोष स्वीकार किया

Ads

भारतीय व्यक्ति ने अमेरिका में टेलीमार्केटिंग घोटाले में दोष स्वीकार किया

  •  
  • Publish Date - September 16, 2020 / 04:14 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:46 PM IST

वाशिंगटन, 16 सितंबर (भाषा) अमेरिका में एक भारतीय नागरिक ने सात बुजुर्गों से करीब छह लाख डॉलर का गबन करने की कोशिश करने के लिए भारत में एक टेलीमार्केटिंग योजना के तहत एकत्र की गई जानकारी के इस्तेमाल का आरोप स्वीकार किया।

चिराग सचदेवा (30) को विमान से भारत से आने के बाद बोस्टन में उतरने पर 16 फरवरी को एफबीआई एजेंटों ने गिरफ्तार कर लिया था।

अमेरिकी न्याय मंत्रालय ने मंगलवार को एक बयान में बताया कि सचदेवा ने अमेरिकी जिला अदालत के मुख्य न्यायाधीश जॉन जे मैक्कोनल जूनियर के सामने स्वीकार किया कि उसने अमेरिका में 65 साल से अधिक आयु के पीड़ितों के बैंक खातों से धन का गबन करने की कोशिश की। इसके लिए उसने भारत की एक टेलीमार्केटिंग योजना के तहत हासिल की गई उनकी निजी और बैंक संबंधी सूचना का इस्तेमाल किया।

उसने बताया कि योजना को लागू करते समय भारत में कॉल सेंटर संचालकों ने सीधे पीड़ितों से और उनके कम्प्यूटरों से निजी एवं बैंक संबंधी जानकारी एकत्र की थी।

सचदेवा ने स्वीकार किया कि उसने बाद में पीड़ितों के बैंक खातों से धन के गबन के लिए इस जानकारी का इस्तेमाल करने की कोशिश की।

इस मामले में सचदेवा को आठ दिसंबर को सजा सुनाई जाएगी। सचदेवा को अधिकतम 20 साल कारावास, रिहाई के बाद तीन साल तक उस पर नजर रखने और 2,50,000 डॉलर जुर्माने की सजा सुनाई जा सकती है।

भाषा सिम्मी दिलीप

दिलीप