Middle East War Update: ‘युद्ध अभी खत्म नहीं..’, इजरायली पीएम नेतन्याहू का बड़ा बयान, कहा-अभी बहुत कुछ करना बाकी, क्या अब और बढ़ेगा टकराव?

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Middle East War Update: 'युद्ध अभी खत्म नहीं..', इजरायली पीएम नेतन्याहू का बड़ा बयान, कहा-अभी बहुत कुछ करना बाकी, क्या अब और बढ़ेगा टकराव?

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  • Publish Date - April 12, 2026 / 08:03 AM IST,
    Updated On - April 12, 2026 / 08:06 AM IST

netanyahu news/ image source: IBC24 FILE IMAGE

HIGHLIGHTS
  • नेतन्याहू का सख्त बयान सामने
  • ईरान पर अभियान अभी जारी
  • न्यूक्लियर क्षमता खत्म होने का दावा

Middle East War Update: इजराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाते हुए साफ कर दिया है कि उनका देश तथाकथित आतंकी शासन के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेगा। उन्होंने कहा कि इजराइल अपने रुख से पीछे हटने वाला नहीं है और किसी भी तरह की नरमी की कोई गुंजाइश नहीं है।

Middle East War : ईरान की न्यूक्लियर क्षमता खत्म: नेतन्याहू

नेतन्याहू के अनुसार, ईरान के खिलाफ चल रहा सैन्य अभियान अभी खत्म नहीं हुआ है और यह तब तक जारी रहेगा, जब तक इजराइल अपनी सुरक्षा को पूरी तरह सुनिश्चित नहीं कर लेता। नेतन्याहू ने यह भी दावा किया कि ईरान की परमाणु क्षमता को काफी हद तक नुकसान पहुंचाया जा चुका है, यहां तक कि उसकी यूरेनियम संवर्धन की क्षमता भी समाप्त कर दी गई है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि अभी बहुत कुछ किया जाना बाकी है और खतरा पूरी तरह टला नहीं है।

Islamabad Iran America Meeting: अमेरिका ईरान फिर आमने-सामने

पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच चल रही उच्चस्तरीय वार्ता एक बार फिर चर्चा में है। सूत्रों के मुताबिक, दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच अब तक करीब 15 से 21 घंटे तक गहन बातचीत हो चुकी है, लेकिन कोई ठोस नतीजा सामने नहीं आया है। बातचीत का फोकस अब तकनीकी मुद्दों पर शिफ्ट हो गया है, जिसमें परमाणु कार्यक्रम और सुरक्षा से जुड़े पहलू शामिल हैं। दोनों पक्षों ने बातचीत जारी रखने पर सहमति जताई है, हालांकि मतभेद अब भी बरकरार हैं।

अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने स्पष्ट कहा कि अभी तक किसी समझौते पर सहमति नहीं बन पाई है। उनके अनुसार, ईरान ने अमेरिका की प्रमुख शर्तों को स्वीकार नहीं किया है, जिससे वार्ता आगे बढ़ने में मुश्किल हो रही है। वेंस ने यह भी दोहराया कि अमेरिका का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ईरान किसी भी हाल में परमाणु हथियार हासिल न कर सके। वहीं, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि अगर बातचीत विफल होती है तो सैन्य कार्रवाई भी एक विकल्प हो सकता है।

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बयान किसने दिया?

नेतन्याहू ने

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आतंकी शासन के खिलाफ

क्या अभियान खत्म हुआ?

अभी जारी है