Netanyahu Chief of Staff Tzachi Braverman Killed || Image- Ynet News file
तेहरान: पश्चिम एशिया में खाड़ी देशों के बीच जारी भीषण युद्ध के बीच ईरान की सेना ने सनसनीखेज दावा किया है। ईरान मिलिट्री की तरफ से दावा किया गया है कि, उन्होंने इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के चीफ ऑफ डिफेन्स त्ज़ाची ब्रेवरमैन को एक हवाई हमले में मार गिराया है। (Netanyahu Chief of Staff Tzachi Braverman Killed) हालांकि इजरायल की तरफ से इस खबर की पुष्टि नहीं की गई है बावजूद इसके यह खबर सही हुई तो इजरायल के लिए यह बड़ा झटका होगा। त्ज़ाची ब्रेवरमैन पीएम नेतन्याहू के बेहद करीबी थे और वही इस पूरे वार की मॉनिटरिंग भी कर रहे थे।
इस दावे के अलावा ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड ने यह भी बताया है कि, नेतन्याहू के दफ्तर और इजराइली वायु सेना कमांडर के ठिकाने को निशाना बनाया गया है। हालांकि इस हमले के बाद नेतन्याहू किस स्थिति में है, यह स्पष्ट नहीं हुआ है।
#Iran / #Israel / #USA 🇮🇷🇮🇱🇺🇸: Iranian Forces launched a new wave of attacks on multiple locations in Israel
As, a result, at least one Iranian Medium-Range Ballistic Missile struck the city of #Beersheba (Be’er Sheva) in #Negev. pic.twitter.com/o9diD1NTG3
— Liberty Uncensored Newspaper (@LibertyUNP) March 2, 2026
बहरहाल इस बीच अब अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपने ही देश के नेताओं के निशाने पर है। कई अमेरिकी सांसदों ने ईरान पर किये गये इजरायल-अमेरिकी हमले की कड़े शब्दों में निंदा की है।
बर्नी सैंडर्स, एलेक्जेंड्रिया ओकासियो-कोर्टेज़ और अन्य जैसे अमेरिकी सांसदों ने ईरान पर ट्रंप के हमलों की आलोचना करते हुए दावा किया है कि, राष्ट्रपति ट्रंप ने बिना वॉर पावर्स वोट के युद्ध शुरू किया है। सांसदों ने यह भी माना है कि, हमले के बाद नेतन्याहू का भविष्य “अस्पष्ट” है। जबकि अधिकारियों ने रॉयटर्स से हुई बातचीत में सांसदों ने संदेह जाहिर करते हुए कहा है कि, अमेरिकी-इजरायल अभियान से ईरान में शासन परिवर्तन होगा।
इजरायल और ईरान युद्द के बीच एक और बड़ी खबर सामने आई है। दरअसल सोशल मीडिया पोस्ट और कुछ इजरायली समाचार रिपोर्टों में दावा किया गया है कि ईरान के सर्वोच्च नेता घोषित किये गए अलीरेज़ा अराफी भी पद संभालने के कुछ ही घंटों बाद हवाई हमले में मारे गए है। (Netanyahu Chief of Staff Tzachi Braverman Killed) हालांकि ईरान की सरकारी मीडिया या दूसरे अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसियों ने इसकी पुष्टि नहीं की है।
⚠️ 𝐁𝐫𝐞𝐚𝐤𝐢𝐧𝐠 𝐍𝐞𝐰𝐬 ⚠️
🇮🇷 | NEW Supreme Leader Ayatollah Arafi has been killed in an airstrike…
He was appointed not even 24 hours ago… pic.twitter.com/vGkkaQIOtp
— Iran Spectator (@IranSpec) March 2, 2026
BREAKING: Newly appointed Supreme Leader of Iran, Ayatollah Arafi, has reportedly been killed in an airstrike, just hours after being given the role. pic.twitter.com/EvC0Y4jUIS
— Daily Loud (@DailyLoud) March 2, 2026
🚨 Iran Leadership Meltdown: New interim Supreme Leader Ayatollah Alireza Arafi reportedly killed in airstrike- hours after appointment to replace Khamenei.
Appointed yesterday, gone today. Regime leaders dropping like hot samosas. 😂🤡#IsraelIranUSA_War pic.twitter.com/TXN977Q8WE
— The Alternate Media (@AlternateMediaX) March 2, 2026
इसी तरह के भ्रम की स्थिति खामेनेई की हत्या को लेकर भी थी। खामनेई के मारे जाने की पुष्टि पहले इजरायली अधिकारियों ने की और बाद में ईरानी अफसरों ने स्वीकार किया। ठीक वैसे ही हालात अलीरेज़ा अराफी से जुड़े समाचारों को लेकर भी है।
बता दें कि, एक दिन पहले यानी शनिवार की सुबह तेहरान पर हुए अमेरिकी-इजरायली संयुक्त हवाई हमलों में लंबे समय तक नेता रहे अली खामेनेई की मौत हो गई थी। (Netanyahu Chief of Staff Tzachi Braverman Killed) इसके ठीक बाद ईरान ने अलीरेजा अराफी को अपना अंतरिम सर्वोच्च नेता चुना था। बता दें कि, अयातुल्लाह खामनेई 1989 से 28 फरवरी, 2026 तक ईरान के सुप्रीम नेता रहें।
वही जिस दिन खामेनेई की हत्या हुई, उसी दिन अयातुल्ला अराफी को सर्वोच्च नेता चुना गया था। (Ayatollah Alireza Arafi Killed) हालांकि, 2 मार्च, 2026 तक, अपुष्ट रिपोर्टों में दावा किया गया है कि हाल के हवाई हमलों में उनकी भी मौत हो गई है। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष ने पूरी दुनिया में सदमे में डाल दिया हैं। अलग अलग देशों के इस गुटीय युद्द से भारी जानमाल का नुकसान और सम्पत्तियों का विनाश हुआ है। फिलहाल यह युद्ध जारी है और दोनों ही तरफ से घातक हमले किये जा रहे है।
ईरानी नेताओं के मुताबिक, इन हमलों की शुरुआत से अब तक खामेनेई और अन्य वरिष्ठ नेताओं के अलावा 200 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। ईरान ने बदले का संकल्प लेते हुए जवाबी कार्रवाई में इजराइल और अरब देशों पर मिसाइलें दागीं। इजराइल की बचाव सेवाओं के अनुसार, यरुशलम और मध्य शहर बेत शेमेश के एक प्रार्थना स्थल (सिनागॉग) समेत कई जगहों पर हमले हुए। बेत शेमेश में नौ लोगों की मौत हुई और 28 लोग घायल हुए। इसके साथ ही इज़राइल में मृतकों की कुल संख्या 11 हो गई। पुलिस ने बताया कि हमले के बाद 11 लोग अब भी लापता हैं। लेकिन ईरान पर हमले थमते नजर नहीं आ रहे हैं। अमेरिका और इज़राइल ने ईरान के महत्वपूर्ण सैन्य, राजनीतिक और खुफिया ठिकानों को निशाना बनाया। इससे प्रतीत होता है कि जंग व्यापक होती जा रही है और यह लंबे समय तक चल सकती है, जो पूरे पश्चिम एशिया में अस्थिरता ला सकती है।
अमेरिकी सेना ने रविवार को कहा कि ईरान पर अमेरिका के हमलों के दौरान उसके तीन सैनिक मारे गए और पांच अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह पहली बार है जब इस बड़े सैन्य अभियान में अमेरिका की ओर से उसके सैनिकों के मारे जाने की पुष्टि हुई है। (Netanyahu Chief of Staff Tzachi Braverman Killed) अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किए एक वीडियो में कहा कि अमेरिका अपने सैनिकों की मौत का “बदला” लेगा और संघर्ष खत्म होने से पहले “संभव है कि और भी अमेरिकी सैनिक मारे जाएं।”