( सज्जाद हुसैन )
इस्लामाबाद, 18 अगस्त (भाषा) पाकिस्तान ने भारत के गृह मंत्री अमित शाह के उस बयान को खारिज किया है, जिसमें उन्होंने स्वतंत्रता दिवस से पहले देशभर में हुई संयुक्त सुरक्षा कार्रवाइयों में गिरफ्तार किए गए आतंकवादियों के एक नेटवर्क को उसकी खुफिया एजेंसी आईएसआई से जोड़ा था। पाकिस्तान ने आरोप लगाया कि भारत अपने घरेलू सुरक्षा मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए ऐसे दावे कर रहा है।
शाह ने सोमवार को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा था कि 15 अगस्त से पहले 14 राज्यों में संयुक्त अभियान चलाकर आईएसआई समर्थित आतंकी संगठन ‘शहजाद भट्टी नेटवर्क’ के 200 से अधिक गुर्गों को गिरफ्तार किया गया तथा संगठन की देश में विध्वंसक हमले करने की योजनाओं को विफल कर दिया गया।
उन्होंने कहा था कि पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई द्वारा वित्त पोषित इस गिरोह के सदस्यों के पास से आईईडी, ‘पाकिस्तान ऑर्डनेंस फैक्टरी’ के निशान वाले हथगोले, पिस्तौल, कारतूस और जासूसी के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले सीसीटीवी कैमरों समेत बड़ी मात्रा में सामग्री बरामद की गई।
शाह के बयान पर मीडिया के सवालों के जवाब में पाकिस्तान के विदेश कार्यालय के प्रवक्ता ताहिर अंदराबी ने सोमवार देर रात एक बयान में कहा कि आरोप ‘‘बेबुनियाद’’ हैं।
उन्होंने भारत पर पाकिस्तान से जुड़े आरोप लगाकर ‘‘अपने घरेलू सुरक्षा संबंधी चुनौतियों से ध्यान भटकाने’’ की कोशिश करने का आरोप लगाया।
नयी दिल्ली में जारी एक सरकारी बयान के अनुसार, ‘शहजाद भट्टी नेटवर्क’ (एसबीएन) पाकिस्तान आधारित आतंकी गिरोह है, जो भारत में हथगोले, आईईडी और पेट्रोल बम हमलों तथा लक्षित हत्याओं में शामिल है।
बयान के अनुसार, एसबीएन स्थानीय सहयोगियों को पुलिस, रक्षा प्रतिष्ठानों और धार्मिक स्थलों की रेकी करने तथा जासूसी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए भी धन देता रहा है।
राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) भट्टी से जुड़े कई मामलों की जांच कर रहा है। इनमें मार्च 2025 में पंजाब में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर रोजर संधू के आवास पर हुआ हथगोला हमला और उसी वर्ष हरियाणा के एक महिला थाने में हुआ विस्फोट शामिल है।
एनआईए ने अप्रैल 2026 में भगोड़े के रूप में भट्टी के खिलाफ आरोपपत्र भी दाखिल किया था।
भाषा मनीषा
मनीषा नेत्रपाल
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