8th Pay Commission Latest News Today: भाजपा सरकार ने राज्य में लागू किया 8वां वेतन आयोग? केंद्र की सरकार से पहले लिया बड़ा फैसला / Image: IBC24 Customized
गुवाहाटी: 8th Pay Commission Latest News Today असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने बृहस्पतिवार को कहा कि केंद्र सरकार के बाद असम देश का पहला राज्य होगा जो अपने कर्मचारियों के वेतन ढांचे में संशोधन के लिए आठवें वेतन आयोग (8th Pay Commission) का गठन करेगा। मुख्यमंत्री ने यहां संवाददाताओं से कहा कि राज्य में आठवें वेतन आयोग का गठन पूर्व अतिरिक्त मुख्य सचिव सुभाष दास की अध्यक्षता में किया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘केंद्र सरकार ने आठवां आयोग (8th Pay Commission) गठित कर दिया है लेकिन उसके बाद से किसी भी राज्य सरकार ने वेतन आयोग का गठन नहीं किया है। असम ऐसा करने वाला देश का पहला राज्य बनेगा।’’ हिमंत विश्व शर्मा ने कहा कि यह कर्मचारी कल्याण और प्रगतिशील शासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। असम सरकार ने वेतन ढांचे, भत्ते और सेवा शर्तों की समीक्षा के लिए आखिरी बार 2015 में वेतन आयोग का गठन किया था।
8th Pay Commission Latest News Today गौरतलब हैं कि, केंद्र सरकार द्वारा आठवें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को मंजूरी दिए जाने के बाद, यह आज से देश में लागू हो गया है। इससे केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के वेतन और पेंशन में भारी वृद्धि होने की संभावना है। केंद्र सरकार द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, आठवें वेतन आयोग के तहत सेवारत और सेवानिवृत्त केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के वेतन, भत्ते और पेंशन में संशोधन किया जाएगा। इस आयोग के कारण केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों को वेतन वृद्धि के साथ-साथ महंगाई भत्ता (डी ) में भी वृद्धि मिलेगी।
दूसरी ओर, आठवें वेतन आयोग (8th Pay Commission) के तहत वेतन वृद्धि का प्रतिशत अभी तक केंद्र सरकार द्वारा घोषित नहीं किया गया है, लेकिन कुछ मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उपयुक्तता कारक के आधार पर, केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के मूल वेतन में 18 हजार से 51 हजार तक की वृद्धि हो सकती है। इस आयोग के दायरे में लगभग 50 लाख केंद्रीय सरकारी कर्मचारी (रक्षा कर्मचारियों सहित) और लगभग 65 लाख सेवानिवृत्त पेंशनभोगी (रक्षा पेंशनभोगियों सहित) आएंगे। सरकार हर दस साल में एक वेतन आयोग का गठन करती है, जो कर्मचारियों के वेतन और पेंशन का मूल्यांकन और संशोधन करता है।
नए वेतन आयोग (8th Pay Commission) के लागू होने के बाद, सभी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के मूल वेतन में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है। आठवें वेतन आयोग (8th Pay Commission) के तहत वेतन वृद्धि प्रत्येक कर्मचारी के पद के अनुसार अलग-अलग होगी। सरकारी कर्मचारियों के 18 पद हैं।
8th Pay Commission Implemented: यदि फिटमेंट फैक्टर को 2.15 पर सेट किया जाता है तो मूल वेतन में कितनी वृद्धि होगी।
2015 में 7वें वेतन आयोग के लागू होने के बाद से वेतन संरचना में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है, लेकिन अब मुद्रास्फीति की प्रवृत्ति, वास्तविक वेतन में गिरावट, आर्थिक व्यवहार्यता और व्यापक मुआवजा नीति को ध्यान में रखते हुए, बड़ी संख्या में केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों को 8वें वेतन आयोग से लाभ मिल सकता है।
आठवें वेतन आयोग (8th Pay Commission) के प्रारंभिक अनुमानों के अनुसार, देश की आर्थिक मुद्रास्फीति के संबंध में निर्धारित फिटमेंट फैक्टर 2.57 तक हो सकता है। इससे लगभग 1 करोड़ कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के वेतन और पेंशन में वृद्धि होने की उम्मीद है।
8th Pay Commission Implemented: फिटमेंट फैक्टर को पिछले वेतन आयोग की बेसिक सैलरी से गुणा करने पर नई सैलरी तय होती है। जैसे अगर किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी 35,000 रुपये है और नया फिटमेंट फैक्टर 2.11 तय होता है, तो नई बेसिक सैलरी 35,000 × 2.11 = 73,850 रुपये होगी।
दरअसल पूर्व में उन्होंने यह तर्क दिया गया था कि DA को बेसिक पे में मर्ज न करने से सैलरी की वैल्यू में काफी कमी आई है। साथ ही यह मांग भी की गई थी कि सैलरी में रिवीजन हर 5 साल पर किया जाना चाहिए, न कि 10 साल पर। केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स की यूनियंस अभी भी यह मांग कर रही हैं कि मौजूदा महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) को मूल वेतन (Basic Pay) में मिला दिया जाए। इसकी वजह है कि वर्तमान DA की दर वास्तविक खुदरा महंगाई की मार को कम करने में नाकाफी साबित हो रही है। इस बीच कई कर्मचारी यूनियनों और पेंशनर्स समूहों ने 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) के टर्म्स ऑफ रेफरेंसेज में पेंशन सुधार का स्पष्ट उल्लेख न होने पर नाराजगी जताई है। साथ ही इनमें आयोग की सिफारिशें लागू होने की तारीख का जिक्र न होने की भी बात कही गई है। हालांकि सरकार ने इस आशंका को दरकिनार करते हुए साफ कर दिया है कि, बेसिक पे को मूल वेतन में मर्ज नहीं किया जाएगा।
7वें वेतन आयोग में यह फैक्टर 2.57 था। माना जा रहा है कि 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) में यह 2.8 से 3.0 के बीच हो सकता है। अगर ऐसा होता है, तो कर्मचारियों के बेसिक वेतन में अच्छी खासी बढ़ोतरी देखी जा सकती है। हालांकि, महंगाई भत्ता (DA), मकान किराया भत्ता (HRA) और अन्य सुविधाओं के बाद सैलरी कितनी बढ़ेगी, ये पता चलेगा।
अगर किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी अभी 50,000 रुपये है और नया फिटमेंट फैक्टर 2.0 तय होता है, तो नई सैलरी होगी 50,000 × 2.0 = 1,00,000 रुपये होगी। इसके बाद इसमें हाउस रेंट अलाउंस और डीए आदि भत्ते जुड़ेंगे। इसके साथ ही HRA यानी हाउस रेंट अलाउंस और DA यानी महंगाई भत्ता जैसे भत्ते भी बेसिक सैलरी के आधार पर बढ़ जाते हैं। केंद्र सरकार के कर्मचारियों के 18 पे लेवल्स तय हैं।