लातूर, चार मई (भाषा) महाराष्ट्र के लातूर जिले में पेट्रोल और डीजल की कथित कमी के कारण सोमवार को कई पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें देखी गईं।
अधिकारियों और व्यापारियों के अनुसार, यह स्थिति थोक आपूर्तिकर्ताओं द्वारा स्थानीय पंप संचालकों को ईंधन आपूर्ति रोकने से उत्पन्न हुई है, जिससे जिले में कृत्रिम किल्लत जैसी स्थिति बन गई है।
कई पंप पर ‘डीजल उपलब्ध नहीं’ और ‘पेट्रोल उपलब्ध नहीं’ के बोर्ड लगाए गए, जबकि कुछ पंप सीमित मात्रा में ईंधन दे रहे थे।
पंप संचालकों के मुताबिक, थोक ईंधन डिपो सोलापुर में स्थित है, जहां लातूर जिले से गए टैंकर पेट्रोल-डीजल लेने के लिए लंबी कतारों में खड़े हैं। हालांकि, उनका आरोप है कि टैंकर चालकों को आपूर्तिकर्ता परिसर में प्रवेश नहीं दिया जा रहा, जिससे ईंधन लाने में देरी हो रही है। कई पंप भंडार समाप्त होने के कारण पूरी तरह बंद भी रहे। इस स्थिति से घबराहट में खरीदारी बढ़ गई है।
पंप संचालकों ने कहा कि आपूर्ति बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द ही स्थिति सामान्य करने की कोशिश है।
इस बीच, कुछ पंप द्वारा पर्याप्त भंडार होने के बावजूद जानबूझकर बिक्री बंद करने की शिकायतों पर कार्यवाहक जिला कलेक्टर राहुल कुमार मीणा ने सभी पंप संचालकों के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
अधिकारियों ने कहा कि नए निर्देशों के अनुसार, पंप संचालक उपलब्ध भंडार होने पर किसी भी स्थिति में बिक्री बंद नहीं करेंगे और ग्राहकों को ईंधन देने से मना नहीं करेंगे। अनावश्यक प्रतिबंध लगाने से बचना होगा और निर्धारित समय के दौरान पंप खुले रखने होंगे।
भाषा योगेश रमण
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