नयी दिल्ली, 12 अप्रैल (भाषा) पश्चिम एशिया में ‘युद्धविराम’ के बाद भारत में बाजार धारणा में सुधार होने और लक्जरी कारों के खरीदारों के एक बार फिर शोरूम में वापस लौटने की उम्मीद बढ़ी है। देश में मर्सिडीज-बेंज, बीएमडब्ल्यू ग्रुप और ऑडी के शीर्ष अधिकारियों ने यह राय जाहिर की है।
देश में लक्जरी कार कंपनियों ने युद्ध के चलते कलपुर्जों ओर किट का स्टॉक किया है और अब उन्हें उम्मीद है कि आपूर्ति श्रृंखला पर दबाव कम होगा और वे स्थिति के जल्द सामान्य होने की उम्मीद कर रही हैं।
बीएमडब्ल्यू ग्रुप इंडिया के अध्यक्ष और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) हरदीप सिंह बराड़ ने पीटीआई-भाषा से कहा, ‘‘युद्धविराम सही समय पर हुआ है। यह हमारे खरीदारों की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण है। वे अपनी खरीद को लेकर इस बात पर निर्भर थे कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में चीजें क्या रूप लेती हैं।’’
उन्होंने कहा कि यह बहुत जरूरी है कि इस मुद्दे को सुलझा लिया जाए। उन्होंने कहा, ‘‘अगर यह मुद्दा खत्म हो जाता है, तो हमें उम्मीद है कि बहुत से ग्राहक जिन्होंने पहली तिमाही में अपनी खरीदारी रोकी हुई थी, वे वापस आएंगे और महंगी कार खरीदेंगे।’’
इसी तरह की राय जताते हुए मर्सिडीज-बेंज इंडिया के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) संतोष अय्यर ने कहा, ‘‘मार्च में हमें अब तक के सबसे अच्छे ऑर्डर मिले। हालांकि, ये ऑर्डर आगे लिए टाल दिए गए हैं, लेकिन इन्हें रद्द नहीं किया गया है। ज्यादातर ग्राहक अप्रैल या भविष्य में डिलिवरी लेना चाहते हैं।’’
उन्होंने कहा कि पश्चिम एशिया संघर्ष के कारण पूंजी बाजार में बदलते हालात की वजह से धारणा कुछ सुस्त थी, लेकिन हमें लगता है कि अप्रैल और उसके बाद के महीने अच्छे होने चाहिए, क्योंकि कुछ इलाकों में त्योहार भी हैं।’’
इसी तरह की राय रखते हुए ऑडी इंडिया के ब्रांड निदेशक बलबीर सिंह ढिल्लों ने कहा, ‘‘युद्धविराम स्वागत योग्य है, क्योंकि यह अगले चरण के लिए ज्यादा निश्चितता प्रदान करता है। हमारे काफी ग्राहक खुद कारोबार करते हैं और इसका असर खुद महसूस कर रहे हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हमारे ग्राहकों और कंपनियों के लिए भी आम धारणा में सुधार हुआ है और ज्यादा खर्च करने की इच्छा बढ़ी है। यह सब 2026 में आम तौर पर एक मजबूत यात्री कार बाजार को देखते हुए है। हमारा उद्योग सकारात्मक धारणा के साथ आगे बढ़ रहा है। ऐसे में क्षेत्र में किसी तरह के रचनात्मक घटनाक्रम का हम स्वागत करते हैं।’’
अय्यर ने बताया कि भू-राजनीतिक स्थिति की वजह से कलपुर्जों और किट की आपूर्ति में कुछ देरी हुई है, लेकिन कंपनी के पास इस स्थिति को संभालने के लिए बफर स्टॉक है।
बराड़ ने कहा कि चूंकि बीएमडब्ल्यू इंडिया अपनी किट और कलपुर्जे म्यूनिख से मंगाती है, इसलिए कंपनी ने भी इनका स्टॉक कर लिया था।
उन्होंने कहा, ‘‘अभी हम इस तिमाही के लिए ठीक स्थिति में हैं, लेकिन अगर यह संघर्ष और लंबा चलता है, तो इसका असर भविष्य की आपूर्ति पर पड़ सकता है।’’
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