नयी दिल्ली, 14 अप्रैल (भाषा) विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) के स्तर पर भारत की व्यापार नीति समीक्षा (टीपीआर) रिपोर्ट तैयार करने का काम तेजी से चल रहा है और यह जुलाई में जारी हो सकती है। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी है।
इस सिलसिले में डब्ल्यूटीओ सचिवालय के अधिकारियों की एक टीम पिछले सप्ताह भारत के दौरे पर आई थी।
अधिकारी ने कहा, “टीपीआर रिपोर्ट पर काम चल रहा है। हम सरकार की रिपोर्ट सौंपेंगे और डब्ल्यूटीओ सचिवालय की रिपोर्ट पर अपने विचार भी देंगे।”
डब्ल्यूटीओ अपने सदस्य देशों के सहयोग से यह रिपोर्ट तैयार करता है। इसमें सदस्य देश की व्यापार नीतियों, प्रक्रियाओं, नीति-निर्माण संस्थाओं और व्यापक आर्थिक स्थिति का विस्तृत विश्लेषण शामिल होता है।
डब्ल्यूटीओ के नियमों के मुताबिक, सदस्य देशों की समीक्षा वैश्विक व्यापार में उनकी हिस्सेदारी के आधार पर की जाती है। यूरोपीय संघ, अमेरिका, चीन और जापान जैसे शीर्ष चार व्यापारिक इकाइयों की समीक्षा हर तीन वर्ष में होती है।
वहीं, भारत समेत अगले 16 बड़े व्यापारिक देशों की व्यापार नीति समीक्षा हर पांच वर्ष में होती है, जबकि अन्य देशों की समीक्षा सात साल में एक बार होती है।
व्यापार नीति की समीक्षा करने का मकसद सदस्य देशों की व्यापार नीतियों में पारदर्शिता बढ़ाकर बहुपक्षीय व्यापार प्रणाली को सुचारु बनाना है।
डब्ल्यूटीओ के आंकड़ों के मुताबिक, 2005 से 2024 के बीच वैश्विक माल निर्यात में भारत की हिस्सेदारी लगभग दोगुनी होकर एक प्रतिशत से बढ़कर 1.8 प्रतिशत हो गई है। इसी तरह, वाणिज्यिक सेवाओं के निर्यात में भारत की हिस्सेदारी दो प्रतिशत से बढ़कर 4.3 प्रतिशत हो गई है।
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प्रेम अजय
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