छत्तीसगढ़ अब विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है: साय

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छत्तीसगढ़ अब विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है: साय

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  • Publish Date - March 17, 2026 / 09:34 PM IST,
    Updated On - March 17, 2026 / 09:34 PM IST

रायपुर, 17 मार्च (भाषा) छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मंगलवार को कहा कि राज्य के पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के शासनकाल में राज्य की प्रगति रुक गई थी और उनकी सरकार पिछले दो सालों से ‘छत्तीसगढ़ महतारी (माँ)’ की सेवा के लिए पूरी निष्ठा से काम कर रही है तथा एक विकसित राज्य बनने की दिशा में अपनी यात्रा शुरू कर चुकी है।

अपने विभागों के लिए बजट की मांगों पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए साय ने कहा कि राज्य सरकार पिछले दो सालों से पूरी लगन से काम कर रही है और राज्य लगातार ‘विकसित छत्तीसगढ़’ के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि इस लक्ष्य को हासिल करने में प्रभावी बजट प्रबंधन की अहम भूमिका होती है।

चर्चा के बाद सदन ने मुख्यमंत्री के अधीन आने वाले विभागों के लिए 10,617.73 करोड़ रुपये के बजट प्रस्तावों को पारित कर दिया। इन विभागों में सामान्य प्रशासन, जल संसाधन, खनिज संसाधन, विमानन, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी, तथा जनसंपर्क शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जहां पिछले दो बजटों का विषय ‘जीवायएएन :ज्ञान:’ (गरीब, युवा, अन्नदाता, नारी) और ‘जीएटीआई (गति)’ (सुशासन, बुनियादी ढांचे में तेज़ी, प्रौद्योगिकी और औद्योगिक विकास) थीं, वहीं इस साल का बजट ‘एसएएनकेएएलपी :संकल्प:’ (समावेशी विकास, अधोसंरचना, निवेश, कुशल मानव संसाधन, अंत्योदय, आजीविका और नीति से परिणाम तक) के विषय पर आधारित है।

भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली राज्य की पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए साय ने कहा कि राज्य की जनता अभी तक कांग्रेस के शासनकाल के उन पांच सालों के कुशासन को भूली नहीं है। उन्होंने कहा, ‘‘उस दौर में हर जगह एक ही बात गूंजती थी – ‘ऐसा कोई सगा नहीं जिसे कांग्रेस ने ठगा नहीं’।’’

साय ने आरोप लगाया कि कांग्रेस भले ही न्याय की बात करती हो, लेकिन उसने न तो आम लोगों को न्याय दिया और न ही अपने ही सदस्यों को।

उन्होंने दावा किया कि पूर्ववर्ती कांग्रेस शासन के दौरान, प्रचुर मात्रा में प्राकृतिक संसाधन होने के बावजूद, आर्थिक विकास – विशेष रूप से खनन क्षेत्र में – धीमा पड़ गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि बड़ी रकम का गबन किया गया।

साय ने पिछली सरकार पर शराब की बिक्री और रेत खनन जैसे क्षेत्रों में भ्रष्टाचार का आरोप भी लगाया और कहा कि इन क्षेत्रों में अनियमितताएं की गईं और जन कल्याण योजनाओं के लिए आवंटित धन का दुरुपयोग किया गया।

साय ने कहा कि राज्य सरकार ने भ्रष्टाचार के प्रति बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं करने की नीति और डिजिटल शासन की नीति अपनाकर व्यवस्थागत लीकेज समाप्त किए हैं, जिसके कारण आम जनता की गाढ़ी कमाई का पैसा अब सीधे जनकल्याण में खर्च हो रहा है।

उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि पूर्ववर्ती सरकार में आबकारी विभाग का राजस्व पांच हजार 110 करोड़ रुपये था, जो वर्तमान सरकार में बढ़कर 11 हजार करोड़ रुपये अनुमानित है। उन्होंने कहा कि यह अंतर फर्जीवाड़े पर रोक लगने के कारण आया है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रदेश के आर्थिक विकास और रोजगार सृजन में खनिज राजस्व की अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2021-22 में 12 हजार 305 करोड़ रुपये रहा वहीं वर्ष 2024-25 में खनिज राजस्व बढ़कर 14 हजार 592 करोड़ रुपए हो गया है, जो राज्य के सकल घरेलू उत्पाद का 11 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंत तक 17 हजार करोड़ रुपये राजस्व प्राप्ति का अनुमान है।

उन्होंने कहा कि इस अतिरिक्त राजस्व का उपयोग किसानों, माताओं-बहनों और आम नागरिकों के लिए जनकल्याणकारी योजनाओं में किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत और विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में प्रदेश एक प्रमुख ऊर्जा प्रदाता के रूप में अपनी अग्रणी भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि राज्य के ऊर्जा संयंत्र की कुल विद्युत क्षमता 30 हजार मेगावाट है, जिसमें ताप विद्युत संयंत्रों की क्षमता 24 हजार मेगावाट है। उन्होंने कहा कि राज्य की विद्युत उत्पादन क्षमता और प्लांट लोड फैक्टर देश के अग्रणी राज्यों में है।

साय ने नक्सलवाद के विरुद्ध जारी अभियान को लोकतंत्र की बड़ी जीत बताते हुए कहा कि राज्य सरकार ने माओवादी उग्रवाद के अंत का लक्ष्य तय कर उसी दिशा में प्रभावी कार्य किया है।

उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में नक्सलियों ने आत्मसमर्पण करके लोकतंत्र और संविधान पर विश्वास जताया है। उन्होंने इसे लोकतंत्र के लिए उत्सव का क्षण बताया और कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन, जवानों की वीरता और प्रदेशवासियों के विश्वास से राज्य माओवादी हिंसा के अंधकार से बाहर निकल रहा है।

उन्होंने कहा कि अब नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासनिक तंत्र को मजबूत कर शांति, पुनर्निर्माण और समग्र विकास के लक्ष्य को साकार किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ की उड़ान को नई ऊंचाई देने के लिए राज्य सरकार विमानन अधोसंरचना का विस्तार कर रही है।

भाषा संजीव अमित

अमित